दिवाली से पहले ही शहर की हवा जहरीली होती जा रही है। मंगलवार को सुबह से शाम तक पूरे दिन आसमान में धुंध छाई रही। यही धुंध अब सांस की बीमारी को बढ़ावा दे रही है। बागला जिला अस्पताल की ओपीडी में हर दिन 50 से 70 सांस की बीमारी से पीड़ित मरीज पहुंच रहे हैं, लेकिन जिला अस्पताल में कोई भी हृदय या श्वांस रोग विशेषज्ञ नहीं होने से यहां आने वाले मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
बता दें कि पंजाब, हरियाणा व दिल्ली में अक्तूबर और नवंबर महीने में किसानों द्वारा पराली जलाए जाने की वजह से वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ जाता है। आसमान में धुंध छाने से हवा जहरीली हो जाती है। पांच दिवसीय प्रकाश पर्व दिवाली पर आतिशबाजी चलने के बाद हवा का स्तर और खराब हो जाता है, लेकिन अभी दिवाली के त्योहार में 12 दिन बचे हैं, लेकिन अभी से ही आसमान में धुंध बढ़ रही है। मंगलवार को सुबह से ही आसमान में धुंध की चादर तनी रही। दिन चढ़ने के बाद भी लोगों को इससे कोई राहत नहीं मिली। अब यहीं धुंध लोगों को बीमार बना रही है। जो पहले से सांस की बीमारी से पीड़ित हैं, उनकी सेहत ज्यादा बिगड़ रही है।
सांस के मरीजों को काफी ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बागला जिला अस्पताल की ओपीडी में सांस की बीमारी से पीड़ित पहुंचने वाले मरीजों की संख्या एकाएक बढ़ गई है। अभी तक प्रतिदिन 30 से 40 ही मरीज पहुंचते थे, लेकिन अब इनकी संख्या बढ़कर 50 से 70 तक पहुंच गई है। कुल मिलाकर जैसे-जैसे दिवाली का त्योहार नजदीक आता जाएगा, वैसे-वैसे हवा का स्तर और ज्यादा खराब होता जाएगा। आने वाले दिनों में सांस के मरीज और बढ़ जाएंगे।
एकाएक सांस लेने में दिक्कत हो रही है। यहां आकर पता चला कि हृदय रोग विशेषज्ञ नहीं है। अब दूसरे डॉक्टर को दिखाकर दवा ली है।
-मुंशीलाल, मिरगामई
पहले से सांस की बीमारी है। अब कुछ दिनों से परेशानी काफी ज्यादा बढ़ गई है, इसलिए आज अस्पताल में दिखाने आया हूं।
-गिर्राज किशोर, सोखना
अस्पताल में हृदय रोग विशेषज्ञ नहीं है। इस संबंध में उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया है। कुछ दिन से अस्पताल में आने वाले सांस की बीमारी से पीड़ित मरीजों की संख्या बढ़ी है।
-डॉ. सूर्यप्रकाश, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक
सांस के मरीज इन बातों का रखें ध्यान
आइसक्रीम, कोल्ड ड्रिंक के सेवन से बचें।
सुबह मॉर्निंग वॉक पर जाने से बचें।
मौसम खुलने के बाद ही टहलने जाएं।
गर्म कपड़े पहनकर ही घर से बाहर निकलें।
सुबह कोहरे के दौरान बुजुर्ग टहलने पर जाने से बचें।
हृदय, सांस व हाई ब्लड प्रेशर से पीड़ित सुबह टहलने न जाएं।
सांस की परेशानी व सीने में दर्द होने पर चिकित्सक से परामर्श लें।