पिछले दिनों गोदाम में 145 बंदरों की रहस्यमय तरीके से मौत हो गई थी। एफसीआई के अधिकारियों ने गोदाम परिसर में ही गड्ढा खोदवाकर बंदरों के शवों को दफन करा दिया था। इसका खुलासा दो दिन बाद तब हुआ, जब विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने वहां पहुंचकर हंगामा किया था।
हाथरस में भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के गोदाम में 145 बंदरों की मौत के मामले में आपूर्ति विभाग के साथ प्रशासन को बंदरों की विसरा रिपोर्ट का इंतजार है। पोस्टमार्टम में लिए गए विसरा की रिपोर्ट के आधार पर ही गोदाम से खाद्यान्न का वितरण शुरू हो सकेगा।
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फिलहाल प्रशासन की ओर से सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत राशन की दुकानों पर वितरण के लिए एटा और हाथरस से खाद्यान्न का उठान कराया जा रहा है। चूंकि जिले में गोदाम से राशन की दुकानों के लिए खाद्यान्न का उठान अभी अटका हुआ है, इसलिए पुलिस की ओर से विसरा की जांच रिपोर्ट के लिए लगातार आगरा प्रयोगशाला में संपर्क किया जा रहा है।
गौरतलब है कि पिछले दिनों गोदाम में 145 बंदरों की रहस्यमय तरीके से मौत हो गई थी। एफसीआई के अधिकारियों ने गोदाम परिसर में ही गड्ढा खोदवाकर बंदरों के शवों को दफन करा दिया था। इसका खुलासा दो दिन बाद तब हुआ, जब विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने वहां पहुंचकर हंगामा किया था।