नगर पालिका में कर कलेक्टर के पद पर तैनात गौरव दीक्षित उर्फ पंकज की मौत के लिए उनकी मां ममता ने पत्नी को जिम्मेदार ठहराया है। मां ने कहा कि कमरे में झड़प हुई, जिसमें बहू ने चाकू से वार किए। इसी कारण उनके बेटे की छाती व पेट पर खरोंच के निशान थे। पुलिस मामले की गहनता से छानबीन कर रही है।
बृहस्पतिवार की रात गौरव की संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई थी। साथी कर्मचारियों ने बताया कि वह काम पर आए थे और अपने तय समय पर गए। वह परेशान नजर नहीं आ रहे थे। मां ममता ने बताया कि बेटे की शादी को 11 महीने हुए थे। बहू का व्यवहार उनके प्रति ठीक नहीं था। वह आए-दिन कहासुनी करती थी। बृहस्पतिवार की शाम को भी यह हुआ।
जब बेटा घर पहुंचा तो उस समय बहू उससे लड़ रही थी। अपशब्द कहने पर बेटे ने उसे टोका। मां का आरोप है कि इसके बाद वह बेटे से उलझ गई। दोनों में काफी कहासुनी हुई, जिसमें बेटे के कपड़े भी फट गए। बहू ने गुस्से में चाकू भी उठा लिया था, जिसमें बेटे के खरोंच आई। इसके बाद दोनों अपने कमरे में चले गए। वे अपने कमरे में आ गईं।
थोड़ी देर बाद बहू ने बताया कि गौरव उठ नहीं रहे। इसके बाद पड़ोसियों की मदद से उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां मृत घोषित कर दिया। रात आगरा से आए बहनोई मदन ने मां की शिकायत पर पुलिस को सूचना दी थी और हत्या की आशंका जताई थी।
मौत की वजह स्पष्ट नहीं, विसरा सुरक्षित
नगर पालिका कर्मचारी होने के कारण जिलाधिकारी के आदेश पर देर रात ही शव का पोस्टमार्टम कराया गया। सीओ सिटी हिमांशु माथुर ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह स्पष्ट नहीं हुई है, इसलिए विसरा सुरक्षित किया गया है। विसरा रिपोर्ट के आधार पर आगे जांच की जाएगी। सीओ ने बताया कि फिलहाल मां या बहनोई की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं की गई है।
जहरीला पदार्थ खाने की चर्चाएं
गौरव की मौत के बाद उनके मोहल्ले, रिश्तेदार व मित्रों के बीच चर्चा रही कि पत्नी से होने वाली क्लेश से तंग आकर उन्होंने जहरीला पदार्थ खाया है, लेकिन मां या बहनोई ने इसकी पुष्टि नहीं की है। पुलिस भी अभी विसरा रिपोर्ट का हवाला दे रही है।