हाथरस। अब संविदा और नियमित चालक-परिचालकों को लगातार छुट्टियां नहीं मिल सकेंगी। चालक-परिचालकों की कमी और लगातार हो रहे राजस्व घाटे को देखते हुए रोडवेज अफसरों ने यह निर्णय लिया है। रोडवेज के संविदा और नियमित चालक-परिचालकों को एक माह में चार दिन की छुट्टियां मिलती हैं। 15 दिन के अंदर दो अवकाश लेने का प्रावधान है, लेकिन चालक-परिचालक 15 दिन के अंदर दो दिन का अवकाश नहीं लेकर लगातार चार दिन की छुट्टियां कर लेते थे। यह अवकाश तब अधिक लिए जाते थे, जब कोई त्योहार होता था, जिससे हाथरस डिपो की आय काफी प्रभावित हो रही थी। एक तो चालक-परिचालकों की पहले से ही कमी और दूसरी तरफ चालक-परिचालकों के छुट्टियों पर चले जाने से बसों का संचालन प्रभावित होता था। इससे डिपो की कमाई पर भी काफी असर पड़ता था, लेकिन अब डिपो अफसरों ने कि सी भी चालक-परिचालक को लगातार चार दिन का अवकाश नहीं दिए जाने का मन बना लिया है। महीने में 1 से 15 तारीख तक दो और फिर 15 से 30 तारीख के बीच दो अवकाश मिला करेंगे। एआरएम चक्कर का कहना है कि अगर आदेशों के बावजूद भी कोई चालक परिचालक मनमाने ढंग से चार दिन के अवकाश पर रहता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।