यूपी बार कौंसिल के वाइस चेयरमैन शिरीष कुमार मल्होत्रा शुक्रवार को यहां आए। जिला न्यायालय के बार कक्ष में उनका अधिवक्ताओं ने गर्मजोशी से स्वागत किया और अपनी समस्याएं भी उनके सामने रखीं। वाइस चेयरमैन ने लंबे समय से बार का रिनुअल नहीं होने पर चिंता जताई और कहा कि अधिवक्ताओं की मृत्यु के बाद उनके परिजनों को पांच लाख रुपये का अनुदान नहीं मिल पाया, लेकिन अब बार का रिनुअल हो गया है।
उन्होंने जनपद न्यायाधीश मुशर्रफ हुसैन से अनुरोध किया कि वह उच्च न्यायालय से अधिवक्ताओं के लिए अनुदान राशि और नए भवन के निर्माण के लिए पत्र व्यवहार करें। उन्होंने बताया कि जूनियर अधिवक्ताओं को प्रतिमाह वृत्ति धनराशि देने का प्रस्ताव सिद्धांत: स्वीकृत हो चुका है। संभव है कि सरकार से शीघ्र ही यह धनराशि मिलनी शुरू हो जाएगी। हाथरस बार के जूनियर अधिवक्ताओं को भी इसका लाभ मिलेगा। उन्होंने अपने स्तर से भी अधिवक्ताओं की मदद के लिए हरसंभव प्रयास करने का वादा किया। उन्होंने स्थानीय अधिवक्ताओं से भी अपील की कि वह स्थानीय जनप्रतिनिधियों का इस काम में सहयोग लें, जिससे बार काउंसिल से जिले के लिए जल्द से जल्द बजट आवंटित कराया जा सके।
इस मौके पर जनपद न्यायाधीश के साथ मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट गौरव कुमार और न्यायिक अधिकारीगण मौजूद थे। बार के अध्यक्ष मनमोहन शर्मा व सचिव दिनेश बंसल, वरिष्ठ अधिवक्ता लक्ष्मीनारायण शर्मा, चंद्रपाल शर्मा, हरीश कुमार शर्मा, राजेंद्र शर्मा, प्रमोद शर्मा, चौ. वीरेंद्र सिंह, अरविंद वशिष्ठ, सुनील शर्मा, दिनेश भारद्वाज, वीरी सिंह, हीरेश उपाध्याय, अशोक प्रताप सिंह, नील कमल कुलश्रेष्ठ, लक्ष्मीकांत सारस्वत, उमेश गुप्ता, राजकुमार सिंह, प्रशांत कमल पाराशर, शैलेंद्र सिंह जादौन, रवींद्र सिंह, रामकुमार सिंह, चंद्रशेखर, जालिम सिंह, दिनेश भारद्वाज, राजपाल सिंह दिसवार, गौतेंद्र कुमार, संजय दीक्षित, राजेश दीक्षित, जयंत तिवारी, प्रशांत पाराशर आदि अनेक अधिवक्ता मौजूद थे। संचालन सचिव दिनेश बंसल ने किया।