जीवन के सभी स्तरों के संतुलन बनाए रखने की कला ही
योग है। आर्ट आफ लिविंग परिवार की वरिष्ठ टीचर शारदा ने बाबू श्रीशचंद्र
अग्रवाल बारात घर में आयोजित त्रिदिवसीय हैपीनेस प्रोग्राम के दूसरे दिन
गुरुवार को यह बात योग के गुर समझाते हुए कही।
उन्होंने कहा कि जीवन के
सात स्तर श्वांस, मन, बुद्धि, चित्त, अहंकार, आत्मा और शरीर के बीच संतुलन
बनाने का काम योग और प्राणायाम द्वारा होता है, जिससे तनाव से मुक्ति मिलती
है और आंतरिक संतोष भी प्राप्त होता है। कहा कि जो व्यक्ति, परिस्थिति
जैसी भी हो उसे स्वीकार करने में ही समझदारी और जिस प्रकार हम अपनी गलतियों
को भूल समझ कर माफ कर देते हैं, ऐसे ही हमें दूसरों की गलतियों के पीछे
कारण नहीं खोजना चाहिए।
उन्होंने शिविर में दो पारियों में योग, ध्यान,
प्राणायाम व सुदर्शन क्रिया का प्रशिक्षण दिया। रात्रि कालीन सत्र में सहज
समाधि का ज्ञान दिया। इस मौके पर स्थानीय टीचर आनंद सिंह, रेनू सचान,
समन्वयक आलोक श्रीवास्तव, रोहित अग्रवाल, कर्मवीर सिंह, नरेंद्र सिंह, इंदू
शुक्ला व पद्मराग सिंह ने सहयोग दिया।