जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव/सीजेएम श्याम शंकर ने
कहा कि समाज का प्रत्येक वह वर्ग महान है जो अपने कार्य को ईमानदारी व
निष्ठा से करता हैं। देश का श्रमिक सर्वाधिक ईमानदारी व मेहनत से कार्य कर
समाज व राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।
वह राज्य
विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर शुक्रवार को जिला श्रम कार्यालय में
आयोजित श्रम दिवस शिविर में बोल रहे थे। कहा कि जो श्रमिक आर्थिक रूप से
सक्षम नहीं है और अपने हक की लड़ाई नहीं लड़ पाते हैं उनके हक की लड़ाई अब
प्राधिकरण लड़ेगा।
बताया कि अगर किसी श्रमिक को कानूनी सलाह या विधिक
सहायता की जरूरत है तो वह व्यक्ति प्राधिकरण कार्यालय में संपर्क कर सकता
है और अपनी बात रखें। प्राधिकरण श्रमिकों को निशुल्क वकील भी मुहैया
कराएगा। कहा कि श्रमिक अपनी बात रखें और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक
हों। यदि उनका उत्पीड़न किया जा रहा है, तो इसकी शिकायत करें।
न्यायिक
मजिस्ट्रेट यशपाल ने कहा कि अब परिस्थितियां बदल चुकी हैं, श्रमिकों के
हितों को संरक्षित करने को न्याय पालिका व कार्यपालिका तत्पर है। सुरेंद्र
सिंह गौर ने कहा कि ईंट भट्ठा, फैक्ट्री, कारखाना आदि में काम करने वाले
श्रमिकों का पंजीकरण होना चाहिए।
इसके लिए श्रम विभाग को सख्ती बरतनी होगी।
वकील श्रवण दीक्षित ने कहा कि समाज व देश के विकास में श्रमिकों का बराबर
का योगदान है। हम उन्हें नजर अंदाज नहीं कर सकते हैं। इस मौके पर श्रम
विभाग के वरिष्ठ सहायक कमल सिंह, सुधीर अवस्थी, कोर्ट मैनेजर अरविंद
श्रीवास्तव आदि मौजूद थे।