बीती रात कंटेनर और दूल्हे को लेकर जा रही वैन की
टक्कर में तीन की मौत और चार के घायल होने की खबर सुनते ही कन्या पक्ष में
बारात की अगवानी की तैयारियों धरी की धरी रह गईं। हादसे में दूल्हे के घायल
होने से भांवरें नहीं पड़ सकीं और बाराती दुल्हन के स्थान पर दुर्घटना में
मृत परिजनों के शव लेकर वापस घर लौटे।
दोनोें ही पक्षों में मातम छाया हुआ
है। ज्ञात हो कि पिहानी क्षेत्र के ग्राम जाजूमऊ निवासी देशराज के
पुत्र विमलेश की बारात बुधवार को गांव से सुरसा थाना क्षेत्र के ग्राम
लोधौरा निवासी राम विलास के घर के लिए रवाना हुई थी। दूल्हा समेत आठ लोग
वैन में सवार थे और शेष बाराती ट्रैक्टर से आ रहे थे।
सुरसा क्षेत्र के
बिलग्राम-हरदोई मार्ग पर ढोलिया के पास सामने से आ रहे कंटेनर ने वैन में
टक्कर मार दी थी, जिससे विमलेश के चचेरे भाई संदीप, मामा विपिन और वैन चालक
अतुल (23) पुत्र छोटेलाल निवासी पतौन मिश्र पिहानी की मौत हो गई थी। इसके
अलाव विमलेश, उसकी नानी कटोरी, रामा, पूनम, विनोद घायल हो गए थे।
विमलेश
समेत चार लोगों का जिला अस्पताल में इलाज चल रहा है। गुरुवार को
पोस्टमार्टम के बाद परिजन शवों को लेकर घर गए। दुल्हन के स्थान पर परिजनों
के शव लेकर आने से परिवार में कोहराम मच गया। उधर, हादसे के कारण बारात
दरवाजे तक नहीं पहुंच सकी। मंडप सूना पड़ा रहा।
जहां मंगलाचार होना था,
वहां पर सिसकियां सुनाई दे रही थी। बारात के स्वागत की तैयारियां धरी की
धरी रह गई। घटना के बाद दुल्हन के परिजनों के गले से निवाला नहीं उतरा।
दुल्हन रूबी की आंखों से आंसू बह रहे थे। पल भर में ही सारी खुशियां मातम
में बदल गई। रूबी की मां के आंसू रुक नहीं रहे थे।
उसने बड़ी मुश्किल से
बेटी के हाथ पीले करने की व्यवस्था की थी, पर किस्मत को कुछ और ही मंजूर
था। शादी को आगे बढ़ा दिया गया है।