हरदोई। आंगनबाड़ी केंद्राें पर वजन दिवस आयोजित कर अतिकुपोषित बच्चों को चिह्नित किया जाएगा। जिसके लिए तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। तिथियां निर्धारित कर शून्य से पांच वर्ष के बच्चों का वजन कराया जाएगा। बच्चों में अतिकुपोषण को लेकर विभाग के आंकड़े और एनजीओ के आंकड़ोें में हमेशा मतभेद रहा। एनजीओ के आंकड़ों में जहां एक ओर संख्या अधिक रहती थी, वहीं विभाग में आंकड़े 12 से 15 हजार में ही निपट जाते थे।
आंकड़ों में मतभेद को लेकर राज्य पोषण मिशन के अंतर्गत सूबे भर में वजन दिवस आयोजित कराया गया। सितंबर 2015 में सात व 11 तारीख को वजन दिवस आयोजित कराया गया। जिसके बाद जिले में 41128 बच्चे अतिकुपोषित मिले। इसके बाद गांवों को गोद लिया गया और उनमें बच्चों और गर्भवती महिलाओं को पोषाहार देकर अतिकुपोषण को दूर करने का प्रयास किया गया।
विभाग का दावा है कि सितंबर 2015 के बाद से अप्रैल 2016 तक 6076 बच्चों को अतिकुपोषण की श्रेणी से बाहर कर दिया गया। इनमें 4070 बच्चे कुपोषित की श्रेणी में आ गए हैं जबकि 896 बच्चे सामान्य श्रेणी में पहुंच गए। वहीं, 1103 बच्चे ऐसे हैं जिन्होंने पांच वर्ष की आयु को पूरा कर लिया है और अब वह कुपोषण से दूर हो चुके हैं। विभाग की ओर से अतिकुपोषण को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है।
वहीं, जिला प्रशासन ने एक बार फिर जनपद में वजन दिवस आयोजित करवाकर अतिकुपोषित बच्चों को चिह्नित करने के निर्देश दिए। मुख्य विकास अधिकारी टीके शिबू ने बाल विकास विभाग को दिशा निर्देश दे दिए। वहीं जिला कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश कुमार ने भी अतिकुपोषित बच्चों के चिह्नित करने के लिए आंगनबाड़ी केंद्र पर वजन दिवस आयोजित कराने की तैयारियां शुरू करा दीं। उन्हाेंने बताया कि तिथियां जल्द घोषित की जाएंगी।
कुपोषण को दूर करने हर माह मिलता पोषाहार
हरदोई। कुपोषण को दूर करने के लिए हर माह पोषाहार दिया जाता है। मई 2016 के लिए भी जनपद के 3930 आंगनबाड़ी केंद्रों पर तीन से छह वर्ष के बच्चों के लिए 6164 बैग मार्निंग स्नैक और गर्भवती महिलाएं व किशोरियों के लिए 19396 बैग केंद्रों पर भेजे गए हैं।