ग्रामीण क्षेत्र में 18 घंटे बिजली सप्लाई देने का दावा फेल है। पहले अहिरोरी फिर टड़ियावां व परसनी फीडर बंद होने से क्षेत्र में पिछले पांच दिन से बिजली आपूर्ति बाधित है। इससे लगभग 100 गांवों के लोग प्रभावित हैं। आपूर्ति न मिलने से इन गांवों के लोग बेहाल हैं। बिजली आधारित कारोबार ठप हैं।
क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति लंबे समय से बेपटरी है। हालात लगातार खराब हो रहे हैं। रविवार से इटौली विद्युत उपकेंद्र से संबद्ध अहिरोरी फीडर बंद है। वहीं टड़ियावां व परसनी फीडर सोमवार से बंद हो गया। इससे अहिरोरी क्षेत्र में पांच दिन व टड़ियावां व परसनी क्षेत्र में चार दिन से आपूर्ति बाधित है। सप्लाई बंद होने से बिजली आधारित कारोबारों पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। विद्युत उपकेंद्र पर तैनात लाइन मैन ने बताया कि बंाधा तिराहे के पास मेन लाइन का तार टूटने से आपूर्ति बाधित हो गई थी।
इसे सोमवार की शाम सही करा दिया गया। मरम्मत के बाद लाइन चालू की गई थी, इसके बाद मन्नापुरवा से मेन लाइन का तार टूट गया। जेई पीयूष वर्मा ने बताया कि लाइन पर फाल्ट ढूंढने में वक्त लगा रहा है। कई जगह फाल्ट हुए थे। इन्हें सही कराया जा रहा है। गुुरुवार की शाम तक आपूर्ति बहाल होने की संभावना है।
शहर में लोकल फाल्ट से अक्सर बिजली गुल हो जाती है। अब बरसात समस्या बन रही। शहर के सांडी रोड विद्युत उपकेंद्र से जुड़े आजाद नगर, आलू थोक उत्तरी भट्ठापुरवा की बुधवार की रात को दस बजे बिजली गुल हो गई। यह करीब 12 बजे बहाल हुई। गुरुवार की सुबह साढ़े पांच बजे विद्युत उपकेंद्र से आपूर्ति ठप हो गई। इससे उपकेंद्र से जुड़े क्षेत्रों की आपूर्ति बाधित रही।
विभागीय कर्मचारियों की मशक्कत के बाद करीब पौने बारह बजे आपूर्ति शुरू हो सकी। इसके अलावा सिटी विद्युत उपकेंद्र, कोयल बाग कालोनी और आशा नगर से जुड़े क्षेत्रों के कई फीडरों की आपूर्ति बंद रही। इस संबंध में एसडीओ शहर अमित कुमार सिंह ने बताया कि सांडी रोड विद्युत उपकेंद्र में कुछ समस्या थी। उसे सही करा दिया गया था। अन्य क्षेत्रों में ट्रिपिंग हो गई थी। इसके बाद बिजली आपूर्ति बहाल हो गई थी। आंधी पानी में बिजली लाइन पर पेड़ की टहनियां गिरने से समस्या हो जाती है। इसे जल्द सही कराने का प्रयास किया जाता है।