फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

करंट की चपेट में आने से कानपुर का युवक मरा

Sun, 05 Feb 2017 11:18 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो, हरदोई
विज्ञापन
कंटेनर में लगी आग बुझाते फायर ब्रिगेड कर्मी। - फोटो : amarujala
विज्ञापन
हरदोई।  ढीली हाईटेंशन लाइन ने रविवार को शहर में एक और युवक की जान ले ली। रुद्रपुर से नागपुर के लिए निकला कंटेनर सांडी रोड पर हाईटेंशन लाइन के ढीले तारों से छू गया। जिससे कंटेनर में आग लग गई। आग बुझाते समय कानपुर निवासी कंटेनर मालिक का बेटा करंट की चपेट में आ गया, इससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने सप्लाई बंद करवाकर फायर ब्रिगेड को सूचना दी। फायर ब्रिगेड ने आग पर काबू किया। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया।   
विज्ञापन

कानपुर नगर के श्यामनगर पीएसी रोड निवासी जंगबहादुर साहू ट्रांसपोर्टर हैं। उनके पास पांच ट्रक और एक कंटेनर है। कंटेनर में शनिवार को रुद्रपुर से नागपुर जाने के लिए साबुन लोड हुआ था। रविवार को कंटेनर हरदोई से गुजर रहा था। शहर के बाहर सांडी रोड पर ट्रैक्टर को साइड देने के लिए चालक ने कंटेनर सड़क किनारे उतारा। इस दौरान कंटेनर हाईटेंशन लाइन के ढीले तारों से छू गया।

इससे कंटेनर में करंट दौड़ गया। झटका लगने पर चालक सूरज (45) निवासी गांव इमलाखेड़ा जिला सागर मप्र कंटेनर से कूद गया। उसके चिल्लाने पर ट्रक मालिक का बेटा मनीष (26) भी कंटेनर से कूद गया। करंट से ट्रक में आग लग गई। नीचे कूदे मनीष की नजर बैट्री बाक्स से उठती लपटों पर पड़ी। उसे लगा कि बैट्री बॉक्स में स्पार्किंग से आग लगी है।
विज्ञापन


इस पर वह और सूरज पास बनी झोपड़ी से बाल्टियों में पानी लाए और आग पर डाला। पानी डालते समय मनीष करंट की चपेट में आ गया। इससे उसकी मौत हो गई। मनीष को बचाने दौड़े सूरज को लोगों ने पकड़ लिया। सूचना पर करीब 20 मिनट बाद कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और फायर ब्रिगेड को सूचना। पुलिस ने सबस्टेशन पर सूचना देकर सप्लाई बंद कराई। करीब पौन घंटे बाद पहुंची फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया। आग से ट्रक के टायर और साबुन के चार गत्ते जल गए थे। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया। 


शहर में सुबह 8 बजे से रात नौ बजे तक नो एंट्री रहती है। इसके बावजूद लोनार की ओर से आया कंटेनर बावन चुंगी से शहर में घुस कर सांडी चुंगी की ओर निकल गया। रास्ता पता न होने से चालक ने फिर सांडी की ओर ट्रक मोड़ दिया। जबकि उसे बिलग्राम चुंगी की ओर जाना था। चालक का आरोप था कि मनीष ने नो एंट्री में घुसने के लिए 100 रुपये पुलिस को दिए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें