गरीबों के लिए संचालित समाजवादी पेंशन योजना में
लाभार्थियाें का चयन करने में जनपद पिछड़ गया है। लाभार्थी चयन कम होने पर
शासन के अधिकारियों में भी हड़कंप मच गया है। ऐसे में शुक्रवार को प्रमुख
सचिव के निर्देश पर समाज कल्याण विभाग के निदेशक और उप निदेशक ने जनपद आकर
लाभार्थी चयन की समीक्षा की।
उन्होंने प्रगति बढ़ाने के निर्देश देते हुए
लाभार्थी का सत्यापन कर खातों की जांच कराने के निर्देश दिए हैं। समाजवादी
पेंशन योजना में लाभार्थियों का चयन करने में जनपद में इतनी अधिक
पारदर्शिता बरती गई कि अभी शत प्रतिशत चयन नहीं हुआ। जिससे जनपद सूबे में
पिछड़ गया है। जिससे शासन के अधिकारियों में भी हड़कंप मचा हुआ है।
जनपद
में कम लक्ष्य होने पर ही प्रमुख सचिव के निर्देश पर शुक्रवार को समाज
कल्याण निदेशक सुरेंद्र विक्रम और उप निदेशक आरके सोनकर ने जिले में आकर
लाभार्थी चयन की समीक्षा की। जिले में करीब 10 बजे पहुंचे निदेशक और उप
निदेशक ने विकास भवन पहुंच कर समाज कल्याण अधिकारी एसएस श्रीवास्तव से
लाभार्थी चयन की समीक्षा की।
समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि अब आवास के
पात्रों को भी पेंशन योजना में शामिल करने को निर्देश दिए जा चुके हैं।
जल्द ही लक्ष्य पूरा हो जाएगा। निदेशक ने पेंशन का डाटा पूर्ण कर अपलोड
करने तथा उनका रि-वेरीफिकेशन करने के निर्देश दिए हैं।
उन्होंने कहा कि
लाभार्थियों के खातों को जांच लें और यदि लाभार्थी के बजाए किसी रिश्तेदार
या पड़ोसी तथा परिजनों का खाता लगा हो तो उसे ब्लॉक कर दें और लाभार्थी का
खाता खुलवाएं। उन्होंने वृद्धावस्था पेंशन में इसी प्रक्रिया को अपनाने के
निर्देश दिए हैं।
करीब 10 बजे निदेशक के चले जाने के बाद उप निदेशक ने समाज
कल्याण द्वारा संचालित जीआईसी छात्रावास का भी निरीक्षण किया और
व्यवस्थाएं देखीं। इस दौरान अधीक्षक सौरभ कुमार सहित अन्य अधीक्षक मौजूद
थे।