इस जिले का दुर्भाग्य है कि अभी तक प्रशासनिक अफसरों
द्वारा कोई भी रिपोर्ट और किसानों के नुकसान का पूरा आंकड़ा बनाकर केंद्र
सरकार को नहीं भेजा गया, जिससे जिले के किसानों को लाभ नहीं मिल पा रहा है।
इसके लिए जिला प्रशासन एवं सपा पूरी तरह से जिम्मेदार है।
उक्त बात
कहते हुए भाजपा सांसद अंशुल वर्मा ने शुक्रवार को पचकोहरा, बघौली,
लालपालपरू, परसपुर एवं अहिरोरी आदि ग्रामों में जाकर किसानों से सीधे संवाद
किया तथा बर्बाद फसलों का खेतों में जाकर मुआयना किया। सांसद ने किसानों
को ढांढस बंधाते हुए कहा कि परेशानी की घड़ी में वह और उनकी पार्टी किसानों
के साथ खड़ी है।
कहा कि उनकी सरकार ने किसानों का मुआवजा बढ़ाकर डेढ़ गुना
कर दिया है तथा अभी तक जो मुआवजा किसानों की फसलों के 50 प्रतिशत से अधिक
नुकसान पर मिलता था मोदी सरकार ने उसको मात्र 33 प्रतिशत पर ही देने का
ऐलान कर दिया है।
सांसद ने कहा कि भाजपा सरकार किसानों को हर संभव मदद देने
को प्रतिबद्ध है, पर अभी तक जिले के अफसरों द्वारा आंकड़ा ही नहीं बनाया
गया और न ही केंद्र सरकार को भेजा गया। इसके लिए सपा और प्रशासन
जिम्मेदार हैं। कहा कि सूखे में भी जिला प्रशासन ने सही रिपोर्ट व आंकड़ा न
भेज कर पूरी तरह से घालमेल किया था।
अबकी हीलाहवाली बर्दाश्त नहीं की
जाएगी। यदि जल्द ही किसानों को सहूलियत एवं मुआवजा न दिया गया तो किसानों
के हित में वृहद आंदोलन किया जाएगा। आरोप लगाया कि पूरी तरह से सत्ता के
दबाव में गलत रिपोर्ट बनाई जा रही है। इस मौके पर पूर्व जिलाध्यक्ष
रामबहादुर सिंह, अजीत वर्मा, अर्जुन सिंह चंदेल, अभिषेक शुक्ला आदि मौजूद थे।