रेलवे स्टेशनाें की सुविधाओं का जायजा लेने निकले
मुरादाबाद के मंडल रेल प्रबंधक का काफिला गुरुवार को सीतापुर होते हुए
बालामऊ जंक्शन पर रुका। दोपहर बाद बालामऊ जंक्शन पहुंचे प्रबंधक का
प्लेटफार्म पर उतरते ही गंदगी और टूटी फर्श से सामना हुआ, जिस पर उनका चढ़
गया और बाद पुल में पड़ी दरारों और उद्यान में बढ़ी घास को देखकर नाराज
हुए।
उन्होंने रेलवे स्टेशन का निरीक्षण कर सुविधाओं को जांचा और
यात्रियों की समस्याओं को सुनकर निस्तारण का आश्वासन दिया। मुरादाबाद मंडल
के रेल प्रबंधक प्रमोद कुमार दोपहर बाद तीन बजे अपनी विशेष ट्रेन से बालामऊ
जंक्शन पहुंचे। ब्रांच लाइन से होकर बालामऊ पहुंचे डीआरएम ने यहां भी
सुविधाओं का निरीक्षण किया।
विशेष सैलून से उतरते ही डीआरएम को प्लेटफार्म
पर जहां तहां गंदगी नजर आई, वहीं प्लेटफार्म की फर्श भी कई स्थानों पर टूटी
नजर आई। जिसको देखकर डीआरएम का पारा चढ़ गया और उन्हाेंने आईडब्लू विभाग
के एसपी झंझानिया से टूटी फर्श का कारण पूछा तो उन्होंने जवाब दिया कि
यात्री ईंटें उखाड़ ले जाते हैं।
उद्यान में बढ़ी घास पर भी उन्होंने जवाब
तलब किया। उन्होंने स्टेशन अधीक्षक एसके चौधरी को सुधार कराने के
निर्देश दिए। डीआरएम ने टिकट बिक्री खिड़की, पूछताछ केंद्र, प्रतीक्षालय व
स्टेशन मास्टर रूम में जाकर सुविधाएं जांची और सुधार के निर्देश दिए। कुछ
यात्रियों ने मुगलसराय एक्सप्रेस के ठहराव की मांग भी की, जिस पर आश्वासन
दिया।
निरीक्षण के दौरान मुकेश सिंह, राजपाल सिंह समेत अफसर व आरपीएफ मौजूद
थी। उधर, डीआरएम की बेरुखी एक बार फिर हरदोई स्टेशन के प्रति दिखाई दी।
इसके पहले भी डीआरएम किसान एक्सप्रेस से जिले में आए थे, पर स्टेशन पर नहीं
उतरे और स्टेशन अधीक्षक को अपने सैलून में बुलाकर जानकारियां लेकर चले गए।
अबकी तो उनकी विशेष ट्रेन स्टेशन से होते हुए गुजर गई। ज्ञात हो कि
डीआरएम का बालामऊ के बाद हरदोई रेलवे स्टेशन का निरीक्षण भी प्रस्तावित था।
जिसको लेकर रेलवे स्टेशन के अफसर मुस्तैद रहे। रेलवे स्टेशन को साफ सुथरा
कर चाक चौबंद भी कर दिया गया, पर बालामऊ के निरीक्षण के बाद अचानक उन्होंने
अपना प्रस्तावित निरीक्षण स्थगित कर दिया। डीआरएम का निरीक्षण स्थगित होने
से अफसरों ने तो राहत की सांस ली।