संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। विकास खंड संडीला के जामू व किन्हौटी में बिना काम कराए किए गए भुगतान से जुड़े कार्यों के अभिलेख जांच समिति ने तलब कर लिए हैं। बिना काम के भुगतान से जुड़ी खबर को अमर उजाला ने गुरुवार के अंक में कागजों में कराई इंटरलॉकिंग कागज पर ही हो गया भुगतान शीर्षक से प्रमुखता से प्रकाशित की। खबर का संज्ञान लेते हुए समिति ने कार्याें का पूरा विवरण तलब कर लिया है। इन गांवों की जांच के लिए डीएम की ओर से संडीला एसडीएम की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया है।
विकास खंड संडीला में कागजों पर ही काम दिखाकर भुगतान निकाल लेने का मामला सामने आया। ग्राम पंचायत जामू और किन्हौटी में इंटरलॉकिंग रोड बनवाए बिना ही भुगतान निकाल लिया गया। इतना ही नहीं बड़ी संख्या में सिटीजन इंफार्मेशन बोर्ड (सीआईबी) भी लगवाए बिना ही इनका भी भुगतान निकाल लेने की पुष्टि हुई। संडीला के जामू और किन्हौटी में करीब 20 कार्यों पर सीआईबी नहीं लगवाए गए।
किन्हौटी में करीब छह लाख की लागत वाली इंटरलॉकिंग का काम भी नहीं कराया गया और इन सभी का भुगतान कर दिया गया। सीआईबी आपूर्ति का काम सत्तादल के एक पदाधिकारी के स्वयं सहायता समूह के पास होने के कारण स्थलीय जांच के बजाय के कागजों के आधार पर ही भुगतान निकाला गया। डीएम एमपी सिंह ने संडीला एसडीएम तान्या सिंह की अध्यक्षता में जिला विकास अधिकारी अरविंद कुमार व श्रम रोजगार उपायुक्त आरपी सिंह को नामित किया है।
संडीला एसडीएम ने बताया कि संडीला बीडीओ से जामू और किन्हौटी में कराए गए कार्यों व भुगतान के अभिलेख मांग लिए गए हैं। अभिलेखों के परीक्षण के साथ ही स्थलीय सत्यापन कर रिपोर्ट डीएम को दी जाएगी।