बेनीगंज। कसबे का पशु चिकित्सालय बदहाल पड़ा हैं। जर्जर अस्पताल भवन में न ही बाउंड्रीवाल है और न ही पीने के लिए पानी की व्यवस्था। डॉक्टर साहब तो कभी आते ही नहीं हैं। एक मात्र चपरासी के भरोसे अस्पताल चल रहा है।
बेनीगंज में बना पशु चिकित्सालय का भवन विभाग की लापरवाही के कारण जर्जर हालत में पहुंच गया है। इस अस्पताल में तैनात डा. अनवर कभी नहीं आते हैं। अस्पताल चपरासी के भरोसे चल रहा है। पशुओं को दवाएं तक नहीं मिलती हैं। अस्पताल में न ही पीने के पानी की व्यवस्था है और न ही पशुपालकों के बैठने के लिए।
चपरासी राम प्रकाश बताया कि डॉक्टर साहब कभी नहीं आते हैं। रामप्रकाश ही पशुओं का इलाज करता है। अस्पताल में पीने का पानी न होने से बहुत दिक्कत होती है। परिसर में बाउंड्री भी नहीं है। इलाज करते समय अगर कोई पशु छूट जाता है तो उसे पकड़ने में खासी दिक्कत होती है। अस्पताल की दीवार पर लिखा डॉक्टर का मोबाइल नंबर डायल करने पर घंटी तो जाती है लेकिन डॉक्टर साहब फोन नहीं उठाते हैं।