हरदोई। संडीला कोतवाली क्षेत्र मेें बीती एक जुलाई को दूध भरी केन के साथ पिकअप डाला लूटे जाने की घटना का खुलासा पुलिस ने कर दिया है। लूट की घटना में शामिल तीन लोगोें के साथ ही लूटा गया दूध खरीदने वाले को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया है। किस्तों पर खरीदे गए पिकअप डाले की किस्तें अदा करने के लिए वारदात को अंजाम देने की बात सामने आई है। पुलिस ने चारों आरोपियों को न्यायालय में पेशकर जेल भेज दिया है।
उन्नाव जनपद के आसीवन थाना क्षेत्र के पेशारी निवासी प्रशांत ने एक जुलाई की रात पुलिस को तहरीर दी थी। बताया था कि रात में साढ़े नौ बजे अपने पिकअप डाले से दूध भरी केन लेकर संडीला के एमसीसी प्लांट जा रहे थे। रास्ते में बाइक सवार कुछ लोगों ने उसे रोक लिया था। बंधक बनाकर नकदी और पिकअप डाला लूटकर भाग गए थे। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी नृपेंद्र खुद घटना का खुलासा करने में लगे थे।
शुक्रवार शाम अपर पुलिस अधीक्षक ने बताया कि मुखबिरों से शुक्रवार की सुबह सूचना मिली थी कि घटना को अंजाम देने वाले चार लोग गोसवा वारीवन मार्ग के पास जंगल में मौजूद हैं। इस पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर उन्नाव जनपद के औरास थाना क्षेत्र के गोवारगांव निवासी वीरेंद्र, अतरौली थाना क्षेत्र के तेंदवारी निवासी वसीम और संडीला कस्बे के मंडई निवासी अशोक को गिरफ्तार कर लिया। इनके कब्जे से 55 हजार रुपये, 17 दूध की केनें, दो बाइक बरामद की गईं हैं। वीरेंद्र के कब्जे से एक तमंचा और कारतूस भी बरामद हुआ। पूछताछ में पता चला कि लूटा गया दूध इन लोगों ने संडीला कोतवाली क्षेत्र के दुगई निवासी आरिफ को बेचा था। पुलिस ने आरिफ को भी गिरफ्तार कर लिया और उसके कब्जे से दूध की आठ केनें भी बरामद कर लीं।
अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी नृपेंद्र ने बताया कि वीरेंद्र ने एक पिकअप डाला किस्तों पर खरीदा था। काम न चलनेे पर किस्तें अदा नहीं कर पा रहा था। किस्तेें अदा करने के लिए उसने लूट की घटना को अंजाम दिया था। गिरफ्तारी करने वाली टीम में संडीला कोतवाल विजेंद्र यादव, उपनिरीक्षक अरविंद यादव, दीवान बलराम यादव और राम आसरे यादव व सिपाही प्रखर यादव शामिल रहे।