राइस मिलर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष राकेश अग्रवाल, उमेश अग्रवाल, वेद गुप्ता और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सजीव अग्रवाल ।
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प्रदेश सरकार की नीतियों से राइस मिलों के मालिकों में नाराजगी है। इसके विरोध में मिले मालिक 16 अक्तूबर से हड़ताल करने जा रहे हैं। यह बात राइस मिलर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष राकेश अग्रवाल ने मंगलवार को पत्रकार वार्ता में कही। राकेश अग्रवाल ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार की नीतियों से चावल उद्योग बर्बादी की कगार पर है। सरकारी खरीद से मिलर्स को अलग करने एवं सरकारी खरीद के धान कुटाई की धनराशि न बढ़ाने सहित कई समस्याओं को लेकर प्रदेश की राइस मिल मालिक 16 अक्तूबर हड़ताल पर चले जाएंगे।
मिल संचालक निजी तौर पर धान की खरीद भी नहीं करेंगे। इसके पहले सांडी रोड स्थित कुमद राइस मिल में हुई एसोसिएशन की बैठक हुई। इसमें राकेश अग्रवाल ने बताया कि 7 अक्तूबर को शाहजहांपुर में हुई बैठक में हड़ताल करने और मंडियों से धान न खरीदने का फैसला हुआ है। पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सजीव अग्रवाल ने कहा कि पिछले वर्ष लेवी चावल बंद कर सरकार ने चावल उद्योग को करारा झटका दिया। इस बार सरकारी खरीद से मिलर्स को अलग कर दिया गया ।
सरकारी खरीद के धान की कुटाई को लेकर भी पिछले कई वर्षों से मिल रही 10 रुपये प्रति क्विंटल कुटाई एवं तीन रुपये क्विंटल के भाडे को भी नहीं बढ़ाया जा रहा है। इससे राइस मिलों को सीधे तौर पर नुकसान हो रहा है।
एसोसिएशन के वेद प्रकाश गुप्ता ने कहा कि सरकार किसानों एवं व्यापारियों को बर्बाद करने पर तुली है। ऐसे में हड़ताल को पूरी तरह सफल बनाते हुए राइस मिलर्स धान की खरीद नहीं करेंगे न ही सरकारी धान की कुटाई करेंगे। मिलों में पूरी तरह से हड़ताल रहेगी। इस मौके पर उमेश अग्रवाल, निन्ने गुप्ता, प्रवीण कुमार अग्रवाल पल्लू, गोबिंद राम नानवानी, शिव अग्रवाल आदि मौजूद रहे ।