जिले के सभी पीआरडी जवानों को रोस्टर के हिसाब से ड्यूटी दिए जाने सहित पांच सूत्री मांगों को लेकर प्रांतीय रक्षक दल संघ के पदाधिकारियों ने बुधवार को कलेक्ट्रेट परिसर में धरना-प्रदर्शन किया तथा जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की।
कलेक्ट्रेट परिसर में धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष राजेंद्र सिंह यादव ने कहा कि ड्यूटी के नाम पर पीआरडी जवानों का शोषण व उत्पीड़न हो रहा है।
इस पर अब तक कार्रवाई नहीं की जा सकी। अब हालत यह है कि पीआरडी जवान भुखमरी की कगार पर पहुंच गए हैं। जिलाध्यक्ष ने कहा कि न तो कोई संतोषजनक कार्रवाई की गई न ही जवानों की ड्यूटी बढ़ाई गई। इससे पीआरडी जवानों में रोष है।
पीआरडी विभाग में प्रशिक्षित व ट्रेनिंग कर चुकी पीआरडी महिलाएं हैं जिनको विभाग ने आज तक कोई ड्यूटी नहीं दी है। इसलिए सभी पीआरडी जवान धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य हुए हैं।
इस दौरान पीआरडी जवानों ने जमकर नारेबाजी की तथा पांच सूत्री ज्ञापन जिलाधिकारी रमेश मिश्र को सौंपा। ज्ञापन में जिले के सभी जवानों को रोस्टर के हिसाब से ड्यूटी दिलाए जाने, सुविधाशुल्क बंद कराए जाने, जवानों के कोड एलाट कर वितरण कराए जाने, जिले में फर्जी जवानों की नियुक्ति की जांच कराने एवं महिला पीआरडी जवानों को ड्यूटियां प्रदान कराए जाने की मांग की गई है।
साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि 15 दिन के भीतर कोई कार्रवाई न की गई तो रेल का चक्का जाम किया जाएगा। इस दौरान नरेश चंद्र राठौर, राजाराम गौतम, संतोष लता, सुषमा देवी, हरिशचंद्र, राम सहाय, प्रेम कुमार, महाराज सिंह यादव, जवाहर आदि मौजूद रहे।