हरदोई। विगत दो वर्षों से गेहूं का बाजार मूल्य अधिक होने के कारण सरकारी क्रय केंद्रों पर गेहूं की खरीद नहीं होने पर इस बार विभाग ने रबी की बुवाई से ही किसानों से संपर्क शुरू कर दिया गया है। धान खरीद केंद्रों पर गेहूं खरीद के बैनर लगाए गए है, इसके साथ ही आने वाले किसानों से गेहूं की उपज को केंद्र पर लाने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।
शासन की ओर से इस बार गेहूं का समर्थन मूल्य 2275 रुपये प्रति कुंतल तय किया गया है। जो विगत वर्ष की तुलना में 150 रुपये अधिक है। प्रदेश में विगत दो वर्षों से सरकारी समर्थन मूल्य के मुकाबले बाजार मूल्य अधिक होने के कारण सरकारी खरीद नहीं हो पा रही है। किसान अपनी उपज बाजार में व्यापारियों को सीधे बेच रहा है। शासन की ओर से इस बार गेहूं खरीद के लिए अभी से कार्य करने के निर्देश जारी किए गए हैं। जिसके तहत प्रत्येक धान व मोटे अनाज के केंद्रों पर गेहूं के समर्थन मूल्य व संभावित तिथि से खरीद और उसके भुगतान के विषय में बैनर लगाए गए है। इसके साथ ही सभी केंद्र प्रभारियों को किसानों को गेहूं की उपज को सरकारी केंद्र तक लाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। डिप्टी एआरएमओ निहारिका ने बताया कि सरकार इस बार गेहूं खरीद के प्रति अधिक गंभीर है। इसलिए किसानों को रवी की बुवाई के साथ ही संपर्क किया जा रहा है। सरकार को गेहूं का भंडारण रखना है, ताकि आवश्यकता पर उसका जनता के लिए उपयोग किया जा सके। उन्होंने बताया कि गेहूं खरीद के लिए किसानों को प्रेरित करने का कार्य शुरू किया गया है, जो लगातार खरीद शुरू होने तक जारी रहेेगा।