सांडी/ बरसोइया। अफसरों की उदासीनता से क्षेत्र में सफाई व्यवस्था दुरुस्त न होने से संक्रामक रोग फैल रहे हैं। बीते दिन लखनऊ में भर्ती एक बालिका की डेंगू के इलाज के दौरान मौत हो गई। एक युवक को भर्ती कर डेंगू का उपचार किया जा रहा है। इधर, बरसोइया गांव में गुरुवार को स्वास्थ्य टीम ने मरीजोें को दवाएं वितरित कीं। इस दौरान गांव में सफाई अभियान चलाया गया। इससे लोगाें को कुछ राहत मिली है।
सांडी नगर के न्योरा नगला निवासी सत्यप्रकाश का पुत्र सर्वेश बुखार की चपेट में आने से कारण परिजनों ने लखनऊ में जांच कराई जिसमें डेंगू की पुष्टि होने पर उसका उपचार शुरू कर दिया गया। वहीं नगर के मोहल्ला नवाबगंज निवासी हरिप्रसाद की पुत्री आराध्या (3) का लखनऊ स्थित एक अस्पताल में डेंगू का इलाज चल रहा था। जहां देर शाम उसकी मौत हो गई। इधर, नगर के नीरज गुप्ता भी डेंगू की चपेट में आने से लखनऊ में स्थित एक अस्पताल में उपचार करा रहे हैं।
उधर, तत्योरा गांव निवासी सीसराम (42) की बुखार से हालत बिगड़ने पर लखनऊ में उपचार कराया गया। उधर, बरसोइया गांव में गुरुवार को डा. राजेश डा. पराग, नेहा, बृजेंद्र सिंह, विनीत, जया श्रीवास्तव, उमेश कुमार की टीम ने मरीजों का उपचार किया। टीम के सदस्यों ने तीन लोगोें की ब्लेड का सैंपल लिया। गांव की रामवती, सरोजनी, अरुण कुमार, रीतू, अंनग पाल, रिंकू आदि का उपचार चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ग्रामीणोें को क्लोरीन की गोलियां बांटी। वहीं मशीन द्वारा गांव में दवा का छिड़काव कराया गया। ग्राम प्रधान नरेश ने बताया कि गांव में अब लोगों को बीमारी से कुछ राहत मिली है।