हरदोई। नवरातों में शादी-ब्याह आदि की खरीदारी के लिए मुहूत की आवश्यकता नहीं होती और शुभ माना जाता है। नवरात्रों में शोरूमों-दुकानों में खरीदारों के आने से सराफा बाजार में चमक दिखने लगी है। लोगों में ब्रांडेड, डिजायनर ज्वेलरी की मांग बढ़ी है, वहीं लगन के सीजन में सोने-चांदी के भाव चढ़ने की आशंका पर लोगों ने अभी से ज्वैलरी सेट की खरीदारी शुरू कर दी है।
पितृ पक्ष के 15 दिन तक नवीन खरीदारी वर्जित होने से लोगों ने जरूरत के बाद भी नवीन और खासकर आभूषणों की खरीदारी नहीं की थी। रविवार से नवरात्र शुरू होने के बाद अब बाजार में रौनक लौटी है। शो रूमों पर ब्रांडेड और डिजायनर ज्वेलरी की मांग में बढ़ोतरी देखी गई और लोगों में इन आभूषणों पर विश्वास भी है। शोरूम संचालकों के लिए अब सोने के जेवर पर (हालमार्क यूनिक आईडेंटिफिकेशन) एचयूआईडी के छह डिजिट का कोड अनिवार्य किया गया है।
एचयूआईडी के कोड से अब ज्वेलरी की शुद्धता को ग्राहक ऑनलाइन घर बैठे जांच-परख सकता है। ग्राहकों को इससे एक और फायदा हो रहा है कि एचयूआइडी कोड वाले आभूषण को दोबारा दुकान पर बिक्री पर सही मूल्य भी प्राप्त होता है। ग्राहकों में जागरूकता दिख रही है और वह ब्रांडेड व एचयूआइडी कोड वाली आभूषण खरीदना पसंद कर रहे हैं।
लाला काशीनाथ सेठ सराफा के संचालक अनिल महेंद्रा बबली ने बताया कि शनिवार से पहले के 15 दिन तो शोरूम पर सन्नाटा ही रहा। नवरात्र में शोरूम पर ग्राहकों का आना शुरू हुआ है। लोग जनवरी, फरवरी तक में प्रस्तावित शादियों के लिए अभी से ज्वैलरी सेट की खरीदारी कर रहे हैं। बताया कि अब धनतेरस, दिवाली के त्योहार तक सोना का भाव 61 हजारी (करीब 61 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम) ही रहने वाला है। चांदी भी 72 हजार रुपये के भाव पर है। इसमें बड़े बदलाव की उम्मीद नहीं दिख रही है।
अतुल ज्वैलर्स के संचालक शिवम कपूर ने बताया कि शादियों के सीजन के लिए अभी से लोग खरीदारी के लिए उत्सुक हैं। नवरात्रों में खरीदारी को शुभ माना जाता है। लोग एचयूआइडी कोड वाली ब्रांडेड व डिजायनर आभूषणों की खरीदारी में रुचि दिखा रहे हैं। इसमें आभूषणों पर अंकित छह डिजिट कोड से आभूषणों की शुद्धता की जानकारी आसानी से ग्राहक कर लेते हैं, इससे भरोसा बढ़ता है और गुणवत्ता के प्रति लोगों में विश्वास जागता है।