हरदोई। बीते दो वर्ष से मायके में रह रही विवाहिता की संदिग्ध हालात में तबीयत बिगड़ गई। इलाज के दौरान जिला अस्पताल में उसकी मौत हो गई। मायके पक्ष के लोगों ने ससुरालीजनों पर पूर्व में की गई मारपीट के कारण रीढ़ की हड्डी में आई चोट से मौत होने का आरोप लगाया है। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
लोनार कोतवाली क्षेत्र के नेवादा निवासी कमलेश ने अपनी पुत्री पूनम (30) की शादी तीन वर्ष पहले पाली थाना क्षेत्र के परेली गांव निवासी रामभजन के साथ की थी। पिता कमलेश के मुताबिक शादी के बाद से ही ससुरालीजन दहेज को लेकर पूनम के साथ मारपीट करते थे। इसके कारण उसकी रीढ़ की हड्डी में चोट लग गई थी।
पिछले दो साल से पूनम मायके में रहकर इलाज करा रही थी। पति से विवाद का मामला न्यायालय में भी चल रहा है। मंगलवार की सुबह पूनम की हालत अचानक ज्यादा बिगड़ गई। पिता उसे लेकर एक प्राइवेट अस्पताल गया जहां डाक्टर ने उसे लखनऊ रेफर कर दिया। इस पर परिजन उसे लेकर मेडिकल काॅलेज से संबद्ध जिला अस्पताल ले गए।
जिला अस्पताल में कुछ देर बाद उसकी मौत हो गई। पूनम के कोई संतान नहीं है। शहर काेतवाल संजय पांडेय ने बताया कि अस्पताल प्रशासन की सूचना पर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।