अतिकुपोषित बच्चों के चिन्हांकन के लिए होने वाले वजन
दिवस के लिए गुरुवार को सेक्टर व ग्राम/वार्ड प्रभारी को प्रशिक्षण रसखान
प्रेक्षागृह में दिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि इस अभियान में
सभी अपनी-अपनी जिम्मेदारियां समझें और दायित्वों में अरुचि पर कार्रवाई
निश्चित है।
शून्य से पांच वर्ष तक बच्चों को चिह्नित करने के लिए सूबे
में होने वाले वजन दिवस को लेकर गुरुवार को भी शहर सहित शेष ब्लाक भरावन,
कोथावां, अहिरोरी, बावन, पिहानी, टोडरपुर, मल्लावां, बिलग्राम व हरपालपुर
के सेक्टर व ग्राम प्रभारियों को प्रशिक्षण दिया गया।
इस दौरान सीडीओ विजय
गुप्ता ने कहा कि यह अभियान शासन की प्राथमिकता वाला है, इसलिए इसमें किसी
तरह की लापरवाही न बरती जाए। जिसको जो दायित्व सौंपे गए हैं उनका पूर्ण तरह
से निर्वहन करें। यदि कोई समस्या आए तो संबंधित अफसरों को बताएं। जिला
कार्यक्रम अधिकारी प्रकाश कुमार ने सेक्टर व ग्राम/वार्ड प्रभारियों को वजन
दिवस के दिन कराए जाने वाले कार्यों से अवगत कराया।
बताया कि आंगनबाड़ी
कार्यकत्री द्वारा शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चे का वजन कर प्रारूप एक पर
भरना होगा। प्रारूप भरने के बाद वार्ड व ग्राम प्रभारी उसे अपने पास
जमा करेंगे और सेक्रेटरियों को देंगे। सेक्रेटरी प्रारूप एक के आधार पर
प्रारूप पांच तैयार करेंगे और प्रारूप एक व पांच सेक्टर प्रभारी को देंगे।
प्रारूप पांच के आधार पर सेक्टर प्रभारी प्रारूप छह तैयार करेंगे। प्रारूप
पांच, छह और एक को अपने पास जमा कर सेक्टर प्रभारी उसे विकास भवन में जमा
करेंगे। डीपीओ ने बताया कि प्रत्येक सेक्टर मजिस्ट्रेट के साथ आईसीडीएस
विभाग की एक सुपरवाइजर अथवा कर्मचारी उनके सहयोग के लिए रहेगा, ताकि
प्रारूप भरे जाने में परेशानी न हो। प्रशिक्षण में मुख्य चिकित्सा अधिकारी
डा. विनोद गुप्ता समेत कई अफसर मौजूद थे।