जिले में संक्रामक रोगों का प्रकोप कम होने की जगह
बढ़ता जा रहा है। अस्पताल में मरीजों की संख्या में प्रतिदिन इजाफा हो रहा
है। इसके बाद भी जिम्मेदार इस ओर गंभीर नहीं दिख रहे है। इससे प्रतिदिन लोग
इनके चपेट में आते जा रहे हैं।
ज्ञात हो कि मौसम में बदलाव के साथ ही
संक्रामक रोगों ने फिर पांव पसारने शुरू कर दिए हैं। संक्रामक रोगों की
चपेट में आने वालों की संख्या में लगातार इजाफा होता जा रहा है। जिला
अस्पताल में मरीजों की लगातार बढ़ रही संख्या अपनी कहानी स्वयं ही बयां कर
रही है, पर विभागीय जिम्मेदार सभी तैयारियां पूरी करने का दावा कर रहे हैं।
इससे लोगों के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है। उधर, अहिरोरी विकास
खंड के खेरवा कमलापुर गांव के बुखार से पीड़ित होने पर स्वास्थ्य टीम का
कैंप जारी है। शुक्रवार को डॉक्टरों ने गांव निवासी फूलमति (45) पत्नी
गंगाराम, माता प्रसाद (54) पुत्र प्रभुदयाल, कांती देवी (65) पत्नी वासु,
दीपा रानी (50) पत्नी देवी प्रसाद, फूल मति (65) पत्नी राम किशन, देवकी
(40) पत्नी वक्रपाल, कलावती (65) पत्नी श्रीकृष्ण, धन देवी (19) पत्नी
मनीष, रमाकांती (35) पत्नी ध्रुव पाल।
मुन्ने (49) पुत्र रहीम, मिरधा
लाल (55) पुत्र शोढ़े, रामचंद्र (38) पुत्र गिरीश, जौहरी (35) पुत्र राम
भजन, गंगा सागर (50), गोपाल (60) को बुखार पीड़ित होने पर दवा वितरित की
गई। उधर, जिले में मलेरिया के रोगियों की जांच और उनसे प्रभावित क्षेत्र
में रोग को फैलने से रोकने के लिए मलेरिया विभाग कार्यरत है।
कार्यालय पर
मलेरिया की नि:शुल्क जांच करने का प्रावधान है, पर यह कार्य धरातल पर कम
कागजों में अधिक दिखाई देता है। डा. डीके सक्सेना ने बताया कि जब रोगी
मिलते हैं, तो उस क्षेत्र में संक्रमण को रोकने को छिड़काव कराया जाता है।
इसके लिए स्वास्थ्य केंद्रों पर व्यवस्था मुहैया करा दी गई है।