फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हरदोईः डॉक्टर न फार्मासिस्ट, सफाई कर्मी बांट रहा दवा

विज्ञापन
फोटो-27- पीएचसी में दबाई देता सफाई कर्मी - फोटो : HARDOI
विज्ञापन
पचदेवरा। गांव-गांव तक बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने की कवायद में बड़ी संख्या में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र तो खोल दिए गए लेकिन व्यवस्था न होने से यग स्वास्थ्य केंद्र ही बीमार पड़ गए है।
विज्ञापन

चिकित्सक की तैनाती है, लेकिन वह नियमित नहीं आते। अनंगपुर पीएचसी में मंगलवार को सफाई कर्मी अशोक मरीजों को दवा देते और वार्ड ब्वॉय गुड्डू सिंह पर्चा बनाते मिला। फार्मासिस्ट कांशीराम वर्मा और डॉ. पीयूष गुप्ता भी छुट्टी पर हैं। अस्पताल के संचालन की जिम्मेदारी अब वार्ड ब्वॉय के हवाले है।
भरखनी ब्लॉक के अनंगपुर गांव में पीएचसी संचालित है। यहां एक डॉक्टर, एक फार्मासिस्ट, सफाई कर्मी और एएनएम की तैनाती है। पीएचसी से लगभग पांच लाख आबादी को राहत मिल सकती थी, लेकिन जिम्मेदारों की अनदेखी के कारण ऐसा नहीं हुआ।
विज्ञापन

यहां तैनात चिकित्सक मंगलवार को नहीं आए। बताया गया कि वे छुट्टी पर हैं। ऐसे में यहां आने वाले मरीजों के पर्चे वार्ड ब्वॉय बना रहा था, जबकि दवा सफाई कर्मी दे रहा था।
ऐसे में यदि किसी मरीज को गलत दवा मिल जाए और उसके साथ कोई अनहोनी हो जाए, तो इसका जिम्मेदार कौन होगा। शायद यह जिम्मेदार नहीं समझ रहे हैं। उन्हें शायद ऐसे ही किसी हादसे का इंतजार है।
लैब है पर टेक्नीशियन नहीं
पीएचसी में लैब है, लेकिन टेक्नीशियन की तैनाती नहीं है। इस कारण लैब में ताला लगा रहता है। स्थानीय लोगों को स्वास्थ्य संबंधी छोटी छोटी जांचों के लिए शाहाबाद, पाली और शाहजहांपुर जाना पड़ता है।
अस्पताल में रिक्त पद
पीएचसी में वार्ड ब्वॉय, स्टाफ नर्स, लैब टेक्नीशियन, डॉक्टर के पद रिक्त हैं। वर्षों गुजरने के बाद भी पीएचसी में पूरा स्टाफ तैनात नहीं हो सका।
लगने से पहले टूट गई पानी की टंकी
पीएचसी परिसर में पानी की व्यवस्था दुरुस्त रखने के लिए 25000 लीटर क्षमता की टंकी मंगवाई गई थी। स्टैंड बनवाया गया, लेकिन आज तक उस पर टंकी नहीं रख पाई। परिसर में रखे-रखे टंकी भी टूट गई। यहां बने चिकित्सा कर्मियों के आवास भी क्षतिग्रस्त हो चुके हैं।
कोट-
मैंने उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक से बातचीत करके डॉक्टरों की तैनाती का आग्रह किया है। उम्मीद है कि जल्द तैनाती होगी। - माधवेंद्र प्रताप सिंह रानू, क्षेत्रीय विधायक
कोट--
जिले में 100 डॉक्टरों की कमी हैं। इसलिए प्रत्येक पीएचसी में डॉक्टर की उपलब्धता नहीं हो पा रही है। अनंगपुर पीएचसी की डॉक्टर पीयूष गुप्ता तीन दिन के अवकाश पर हैं। फार्मासिस्ट को रहना चाहिए था। उनसे जवाब तलब करेंगे ताकि ऐसा भविष्य में न होने पाए। - डॉ. देश दीपक पाल, मुख्य चिकित्साधिकारी
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें