हरदोई। आरआर इंटर कालेज के वार्षिकोत्सव के दूसरे दिन शुक्रवार को छात्रों ने चलित मॉडल, स्थिर मॉडल व चार्ट प्रतियोगिताओं के माध्यम से अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। सीनियर वर्ग में हिमांश गुप्ता व जूनियर वर्ग में उत्कृष्ट श्रीवास्तव प्रथम रहे।
मुख्य अतिथि डीआईओएस वीके दुबे ने मां सरस्वती का पूजन कर कालेज के संस्थापक ठा. मशाल सिंह की मूर्ति पर माल्यार्पण किया। कार्यक्रम की शुरुआत विनोद नागर व बच्चों ने स्वागत गीत से की गई। सब जूनियर वर्ग में विज्ञान प्रश्नोत्तरी में जॉन मेडल टीम प्रथम, रमन टीम द्वितीय और कलाम टीम तृतीय रही। प्रतियोगिता डॉ. राजीव सिंह की देखरेख में हुई। निर्णायक मंडल की भूमिका डॉ. जमुना प्रसाद व सतीश प्रजापति ने निभाई। सीनियर वर्ग में बोस टीम प्रथम, कलाम टीम द्वितीय व खुराना टीम तृतीय रही।
जूनियर वर्ग में साइंस चैलेंजर्स टीम प्रथम, साइंस रॉकेर्स द्वितीय टीम व साइंस ग्रोवर्स तृतीय स्थान पर रहीं। इसके बाद डॉ. अरुण कुमार मिश्र व शिव कुमार के नेतृत्व में मॉडल प्रतियोगिता हुई, जिसमें सीनियर वर्ग में हिमांश गुप्ता प्रथम, कुलदीप द्वितीय व विपिन गुप्ता तृतीय स्थान पर रहे। जूनियर वर्ग प्रतियोगिता वीके राना व शैलेंद्र त्रिवेदी की देखरेख में हुई।
इसमें उत्कृष्ट श्रीवास्तव प्रथम, तनिष्क जैन द्वितीय व अर्पित कश्यप तृतीय रहे। अंग्रेजी वाद-विवाद प्रतियोगिता में अस्तित्व शुक्ला व दिव्यानंद प्रथम रहे। अनुराग मिश्र ने युवा सांसद कार्यक्रम कराया, जिसका विषय महिला सशक्तीकरण रहा। कार्यक्रम का संचालन विज्ञान शिक्षक डॉ. राजीव सिंह ने किया। इस मौके पर केपी सिंह, सत्येंद्र सिंह, सुबोध तिवारी एसके मंडल, राजवीर आदि मौजूद रहे।
डीआइओएस ने वितरित किए मेडल व प्रमाण पत्र
हरदोई। इस मौके पर डीआईओएस ने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों की प्रतिभाओं, क्षमताओं का विकास करते हैं। उन्होंने बताया कि जिस प्रकार गुब्बारा अंदर भरी हुई वायु के कारण आसमान में उड़ता है, उसी प्रकार प्र्रत्येक छात्र अपनी क्षमताओं ज्ञान, बुद्धि के कारण आपने जीवन में आगे बढ़ता है। इसके बाद गत दिवस आयोजित हुई खेलकूद प्रतियोगिताओं के विजेताओं को मुख्य अतिथि ने मेडल व प्रमाण पत्र प्रदान किए। प्रधानाचार्य वीरेंद्र सिंह राठौर ने मुख्य अतिथि का स्वागत बुकें व स्मृति चिह्न प्रदान करके किया। साथ ही उप प्रधानाचार्य केपी सिंह व सत्येंद्र सिंह ने मुख्य अतिथि का स्वागत माल्यार्पण व बैज अलंकरण द्वारा किया गया।