सांडी/कासिमपुर। जिले के दो थाना क्षेत्रों में बुधवार की रात बारात के दौरान छुड़ाई गई आतिशबाजी की चिंगारी से गरीबों के नौ आशियाने जल गए। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत कर आग पर काबू पाया। इन घटनाओं में करीब दो लाख से अधिक का नुकसान बताया जा रहा है।
सांडी थाना क्षेत्र के ओदरा गांव निवासी चंद्रप्रकाश की पुत्री की बारात अरवल थाना क्षेत्र के औरेनी से आई थी। बैंडबाजों की आवाज के बीच छुड़ाई गई आतिशबाजी कुछ राकेट ऊपर जाने की जगह आसपास रहने वाले कन्नू उसके भाई किशोर, सोनपाल और लल्ले के छप्पर पर जा गिरी। जिससे वह जलने लगे। आग की लपटे देख ग्रामीणों व बारातियों में भगदड़ मच गई। ग्रामीणों ने आनन-फानन पानी डालकर आग को जैसे-तैसे काबू किया। इस घटना से करीब एक लाख का घरेलू सामान और अनाज राख हो गया। इधर, मौका पाकर दूल्हा और बराती फरार हो गए। खोजबीन के बाद सुबह दूल्हा मोहित वापस लौटा तब जाकर शादी की रस्म अदायगी की गई।
उधर, कासिमपुर थाना क्षेत्र के फत्तेपुर गांव निवासी काशी प्रसाद की बेटी की बारात बुधवार की रात आई थी। द्वारचार के दौरान छुड़ाई जा रही आतिशबाजी की चिंगारी आसपास घरों में पड़े छप्परों पर पड़ी। जिससे जलेबीलाल, रामशंकर, रामजीवन, हरिनाम और रामौतार की गृहस्थियां जलकर राख हो गईं। इस घटना में जलेबीलाल का करीब 20 क्विंटल गेहूं भी जल गया। अन्य लोगों का घरेलू सामान भी राख हो गया। अन्य पीड़ितों के अनुसार करीब एक लाख का नुकसान हुआ है। जलेबीलाल ने काशी प्रसाद के खिलाफ पुलिस में तहरीर दी। पुलिस ने मौके पर पहुंच कर दोनों पक्षों का सुलह समझौता करा दिया।