भरावन/संडीला। देर से ही सही, लेकिन स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदारों ने बिना पंजीकरण संचालित अवैध अस्पतालों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। डिप्टी सीएमओ के नेतृत्व वाली टीम ने मंगलवार को अलग-अलग स्थानों पर छापा मारकर चार प्राइवेट अस्पतालों को सीज कर दिया। चारों के संचालकों को नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा। संतोषजनक जवाब न मिलने पर एफआईआर दर्ज करा दी जाएगी।
डिप्टी सीएमओ डा. मनोज कुमार के नेतृत्व वाली टीम मंगलवार को सबसे पहले भरावन पहुंची। यहां टीम ने न्यू बालाजी अस्पताल, श्री बालाजी अस्पताल और सेवा अस्पताल में छापा मारा। बिना पंजीकरण के ही तीनों अस्पताल संचालित मिले। किसी भी अस्पताल में एमबीबीएस डिग्री धारक चिकित्सक मौजूद नहीं मिले। इस पर तीनों अस्पतालों को सीज कर दिया गया। इन पर लगे बोर्ड और बैनर भी डिप्टी सीएमओ ने उतरवा दिए। इसके बाद संडीला के एनएस हॉस्पिटल पर छापा मारा गया। यहां सोमवार को प्रसव के दौरान महिला की मौत हो गई थी और परिजनों ने इलाज में लापरवाही किए जाने का आरोप लगाया था।
डिप्टी सीएमओ डा. मनोज कुमार ने बताया कि एनएस हॉस्पिटल में भी कोई एमबीबीएस चिकित्सक नहीं मिला। इसका भी पंजीकरण नहीं था। इसे भी सीज कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि चारों अस्पतालों के संचालकों को नोटिस दी जाएगी। नोटिस का जवाब तीन दिन के अंदर देना होगा। जवाब न देने या संतोषजनक जवाब न होने पर एफआईआर दर्ज करा दी जाएगी।