हरदोई। तंत्र-मंत्र से डरकर लखनऊ निवासी पुलिस मित्र क ी हत्या की गई थी। हत्यारोपी अपने घर में पूजा कराने के बहाने पुलिस मित्र को बुला लाए थे और अतरौली थाना क्षेत्र में बांका से गला काटकर उसकी हत्या कर दी थी। 24 जुलाई को उसकी लाश मिली थी। शनिवार को एसपी ने हत्याकांड का पुलिस लाइन में खुलासा किया।
अतरौली थाना क्षेत्र में 24 जुलाई को हर्र्रेया-कंसुआ मार्ग पर हर्रेया गांव से लगभग 500 मीटर पहले जयपाल सिंह के खेत के निकट एक युवक का सिर और धड़ अलग-अलग पड़ा मिला था। राहगीरों की सूचना पर पर पहुंची पुलिस ने शव की तलाशी कराई थी।
उसके पास से पुलिस मित्र का एक परिचय पत्र मिला। इसके आधार पर युवक की पहचान दयाशंकर यादव (43) पुत्र दुर्गा प्रसाद निवासी मोहल्ला केसरीपुर डालीगंज थाना हसनगंज जनपद लखनऊ के तौर पर हुई थी।
मृतक के भाई अमर सिंह की तहरीर पर पुलिस ने मित्र ज्ञानू समेत तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। शनिवार को एसपी विपिन कुमार मिश्र ने पुलिस लाइन में पत्रकार वार्ता में हत्याकांड का खुलासा किया। पुलिस का दावा है कि तंत्र मंत्र के चलते दयाशंकर की हत्या की गई।
एसपी ने बताया कि पड़ताल के दौरान लखनऊ के थाना क्षेत्र ठाकुरगंज के मोहल्ला बालागंज निवासी ज्ञान प्रसाद उर्फ ज्ञानू पुत्र अवध बिहारी, उसके साथी वीरू निगम पुत्र स्वर्गीय राम शंकर निवासी रामनगर थाना ठाकुर गंज, अमित शर्मा पुत्र मनोज शर्मा और अमित कुमार पुत्र रामकुमार निवासी फरीदीपुर सुंदरनगर थाना ठाकुर गंज को गिरफ्तार किया था।
ज्ञानू ने पूछताछ में बताया कि उसका पड़ोसी रामचंद्र गौतम से विवाद रहता था। दयाशंकर तंत्र मंत्र करता था। गौतम ने दयाशंकर से तंत्र-मंत्र कराकर मेरी मां को मार दिया, भाभी के दो बच्चों को गर्भ में ही मार दिया और दो गायें भी मार दी थी। ज्ञानू के अनुसार दयाशंकर ने तंत्रमंत्र कर दिया था, इससे उसके भाई भी विक्षिप्त रहने लगे थे।
उसे भय था कि दयाशंकर उसे भी मार देगा। इसी के चलते उसने साथियों के साथ दयाशंकर की हत्या की साजिश रची। उसने दयाशंकर से दोस्ती गांठ ली थी। उसने 23 जुलाई की शाम 4:30 बजे घर में पूजा करने के बहाने दयाशंकर को बुलाया था।
एसपी ने बताया कि दोस्त की मारुति कार से वह दयाशंकर को घटना स्थल तक लाया था जहां पर बांका से दयाशंकर का सिर काट कर हत्या कर दी थी। एसपी ने बताया कि पूछताछ के दौरान चारों ने जुर्म स्वीकार किया है।
एसपी ने बताया कि हत्या में प्रयुक्त बांका, मोबाइल व कार बरामद कर ली गई है। एसपी ने हत्याकांड का खुलासा करने पर एसओ डीएन मिश्र व टीम को शाबासी दी। इस दौरान एएसपी पूर्वी ज्ञानंजय सिंह, एसओ आदि रहे।