विवाद के बारे में जानकारी देते एआरटीओ भगवानदीन।
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वाहन का फिटनेस बनवाने को लेकर शहर के व्यापारी सहित लोगों की एआरटीओ से कहासुनी हो गई। गाली गलौज के बाद हंगामा होने लगा। इससे कर्मचारियों ने काम बंद कर दिया। एआरटीओ ने तीनों लोगों पर जान से मारने की धमकी देने आदि धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। शहर के मोहल्ला सुभाष नगर निवासी मनी बाजपेई की आरटीओ कार्यालय के सामने दुकान है। वे रेफलेक्टर, नंबर प्लेट आदि का काम करते हैं।
शुक्रवार सुबह 11 बजे को मनी बाजपेई एक बोलेरो का फिटनेस बनवाने ले गए थे। उनके साथ दीपू बाजपेई व पप्पू बाजपेई भी थे। एआरटीओ भगवानदीन ने कागजात देखने के बाद गाड़ी देखी। बोलेरो में पीछे की ओर लगे रिफ्लेक्टर को मानक विहीन बनाकर फिटनेस सर्टिफिकेट बनाने से इनकार कर दिया। एआरटीओ ने आनंद मिश्रा की दुकान से मानक के अनुसार रिफ्लेक्ट लगवाने की बात कही। इस पर मनी बाजपेई और एआरटीओ में कहासुनी हो गई।
एआरटीओ का आरोप है कि मनी बाजपेई व उनके साथियों ने गाली गलौज कर जान से मारने की धमकी दी। एआरटीओ ने लखनऊ चुंगी पुलिस को सूचना दी। चौकी प्रभारी जनार्दन सिंह जब तक पहुंचते तब तक मनी वाजपेयी और उनके साथी जा चुके थे। एआरटीओ भगवानदीन ने मनी बाजपेई, दीपू बाजपेई और पप्पू सिंह के खिलाफ शहर कोतवाली में तहरीर दी है। मनी वाजपेयी का कहना था कि अपनी दुकान से बोलेरो में रिफलेक्टर लगाकर लाए थे।
एआरटीओ कमीशन लेकर दूसरी दुकान से जबरिया रिफलेक्टर लगवाते हैं। मैंने वहां से रिफलेक्टर लगवाने से इनकार कर दिया। इसी बात पर एआरटीओ भड़क गए और ड्रामा रच दिया। विवाद के कारण एआरटीओ के कर्मचारियों ने काम बंद कर दिया। कोतवाल परशुराम सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज ली गई है। मामले की जांच की जा रही है।