कुदरत के कहर से हुई फसल की बर्बादी का आकलन कराकर किसानों को उचित मुआवजा
दिलाने सहित कई मांगों को लेकर राष्ट्रीय लोकदल के पदाधिकारियों व किसानों
ने कलक्ट्रेट में मंगलवार को प्रदर्शन किया तथा छह सूत्रीय ज्ञापन राज्यपाल
को संबोधित जिलाधिकारी रमेश मिश्र को सौंप कार्रवाई की मांग की।
इस
मौके पर जिलाध्यक्ष आदित्य विक्रम सिंह ने कहा कि असामयिक बरसात और
ओलावृष्टि से किसानों की आलू, सरसों, गेहूं, चना, मटर और अरहर सहित तमाम
फसलों के साथ साथ मौसमी सब्जियों को भारी नुकसान हुआ है, जिससे बेमौसम
बारिश से फसल में हुई बर्बादी का सदमा लगातार किसानों की जान ले रहा है।
जिला महामंत्री शिवसेवक गुप्ता ने कहा कि फसल की बर्बादी का आकलन कराकर
किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। फसल की बर्बादी से असामयिक काल के गाल
में समाएं किसानों के परिजनों को मुआवजा राशि तत्काल दी जाए तथा परिवार के
एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।
इस दौरान गुस्साए पदाधिकारियों ने
नारेबाजी की तथा राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा। ज्ञापन में
उक्त के अलावा किसानों का छह माह का विद्युत बिल माफ करनेे, कर्जे माफ
करने, घोषित गेहूं के न्यूनतम समर्थन मूल्य पर प्रदेश सरकार द्वारा 500
रुपये प्रति क्विंटल बोनस देने एवं जायद की फसल के लिए बीज व खाद पर अनुदान
देने की मांग शामिल है।
इस मौके पर पंकज पांडे, सत्येंद्र सिंह, ओमकुमार,
राज दीक्षित, दिनेश चंद्र त्यागी, राकेश कुमार, मन्नू सिंह, भगत सिंह,
देवेश, देवेश मिश्र और प्रदीप मिश्रा आदि मौजूद थे।