सदगुरु कृष्णा सेवा समिति की ओर से नगर के पांच
विद्यालयों के 64 निर्धन बच्चों को गोद लेते हुए इनकी आधी फीस दी। संबंधित
स्कूलों ने भी इस कदम का स्वागत करते हुए शेष फीस अपने स्तर से माफ कर दी।
इसके अलावा पांच विद्यार्थियों को समिति की ओर से मुफ्त ड्रेस भी दिए गए।
मुख्य
अतिथि एसडीएम अशोक शुक्ला ने फीस की चेक भेंट करते हुए कहा कि शिक्षा
क्षेत्र में निर्धन और अमीर वर्ग में बराबरी लाने को ऐसे प्रयास सराहनीय
हैं। संपन्न लोगों और समाजसेवी संस्थानों को ऐसे कार्यों में दिलचस्पी लेनी
चाहिए। एसडीएम ने समिति के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे लोग
समाज की तस्वीर बदल सकते हैं।
जिन बच्चों की फीस समिति और स्कूल ने दी है,
जरूरी है कि उच्च शिक्षा तक उनका पूरा ध्यान रखा जाए। भाजपा की प्रांतीय
सदस्य अंजू सिंह ने कहा कि शिक्षा के लिए जागरूकता की जरूरत अभी खत्म नहीं
हुई है। अभिभावकों को बालिका शिक्षा के लिए अभी और जागरूक करने की जरूरत
है।
उन्होंने कहा कि बेटों के साथ जब बेटियां भी पढ़ेंगी तभी समाज बदलेगा
और महिला अपराध मिटेगा। समिति के अवधेश रस्तोगी ने बताया कि पूर्व में
भी छह माह की फीस समिति की ओर से अदा की गई थी। इस आयोजन का उद्देश्य ऐसे
बच्चों की पढ़ाई को जारी रखना है, जो धनाभाव में पढ़ाई छोड़ देने के करीब
हैं।
बताया कि 64 बच्चों में सरस्वती विद्या मंदिर के 11, विद्या मंदिर
इंटर कालेज के पांच, रमाकांत आदर्श मांटेसरी व जूनियर हाईस्कूल के 20,
सरस्वती शिशु मंदिर के 11 व स्वास्तिक ज्ञानोदय स्कूल के 14 बच्चों का चयन
कर आधी फीस समिति ने चेक से अदा की। स्कूलों ने भी इस कदम का स्वागत करते
हुए शेष आधी फीस अपने स्तर से माफ कर दी।
इस तरह से 64 निर्धन बच्चों को
आगे भी छह माह तक निशुल्क शिक्षा मिलेगी। समिति ने शिशु मंदिर के पांच
बच्चों को ड्रेस भी मुहैया कराई। इस मौके पर बृजेश गुप्ता, आदर्श सिंह,
रामदास कटियार, नवनीत वाजपेई, पीयूष शुक्ला, देवेंद्र वैश्य, मानवेंद्र,
अशोक शुक्ला व सुनीत वाजपेई आदि मौजूद थे।