बसें हटने से पूरी तरह साफ दिख रही घंटाघर रोड।
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हरदोई। 30 साल बाद शनिवार को अपने शहर की तस्वीर बदली दिखी। फुटपाथों से अतिक्रमण साफ हो गया और घंटाघर रोड पर समस्या बनी बसें नजर नहीं आईं। अवैध रूप से चल रहे प्राइवेट बस अड्डों से भी बसों का जमावड़ा शहर से बाहर कर दिया गया। इससे तीन दशक में शनिवार को पहली बार शहर की किसी सड़क पर जाम नहीं लगा। फुटपाथ खाली होने से बाजार आने वाले ग्राहकों को अपने वाहन खड़े करने में कोई दिक्कत नहीं हुई। शहर की तस्वीर बदलने से व्यापारियों के साथ आम शहरी भी खुश दिखे।
हरदोई शहर करीब 30 साल से अतिक्रमण की चपेट में था। प्रमुख बाजार सिनेमा रोड, सदर बाजार, सब्जीमंडी बजरिया, रेलवेगंज, जिंदपीर चौराहा, पिहानी चुंगी, लखनऊ चुंगी, बिलग्राम चुंगी, बावन चुंगी आदि बाजारों मेें व्यापारी 10 फीट तक फुटपाथ पर अतिक्रमण किए थे। घंटाघर रोड के फुटपाथ पर बसों का कब्जा था। विक्टोरिया हॉल, गंाधी भवन के सामने, शहीद उद्यान के पास, अस्पताल तिराहा से अवैध रूप से बस स्टैंड चल रहे थे।
इससे शहर पूरा पूरा दिन जाम लगता था। सूबे में भाजपा सरकार बनने के बाद जिले की पुलिस हरकत में आ गई। 21 मार्च को एएसपी पूर्वी ने अभियान चलाकर अतिक्रमण हटवा दिया था। अतिक्रमण हटाने के विरोध में व्यापारी सड़क पर उतरे लेकिन प्रशासन नहीं झुका। इसके बाद तीन दौर में व्यापारियों और पुलिस व प्रशासन में बातचीत हुई। तीन फीट फुटपाथ पर सामान रखने और बगैर पोल के दुकान के ऊपर पांच फीट शेड रखने की छूट मिलने पर व्यापारी मान गए। इसके अलावा शहर के वाहन स्टैंड हटाने की भी चेतावनी दी गई थी। प्रशासन की सख्ती से शनिवार को शहर की तस्वीर ही बदल गई। सभी रोड और फुटपाथ पूरी तरह खाली हो गए। सभी बस व टैक्सी शहर के बाहर खड़ी कराई गईं।