अबकी न जाने कैसी शरारत मेरे साथ हुई मेरे घर को
छोड़कर हर जगह बरसात हुई। यह बात कम से कम इस शहर पर बिल्कुल सटीक लग रही
है। जिले में लोग झमाझम बारिश को तरस रहे हैं। मंगलवार को भी लोग चिलचिलाती
गर्मी में बिलबिलाते नजर आए।
जून माह से लेकर अब तक करीब तीन बार
अच्छी व तीन से चार बार हल्की बारिश हुई। इस बार लोगों को बारिश की जहां
ज्यादा जरूरत थी, खासकर किसान वर्ग को, पर अबकी वह भी धरी की धरी रह गई।
सिंचाई की समुचित व्यवस्था न होने के कारण मध्यम वर्गीय किसान तक अपनी धान
की फसल को नहीं बचा पाया है।
लाख मिन्नतों के बाद भी झमाझम बारिश जिले में
नहीं हो रही है। कम से कम शहर के लोगों को तो अभी भी झमाझम बारिश होने का
इंतजार है। मंगलवार को तापमान का अधिकतम स्तर 33.0 तथा न्यूनतम 25.0
डिग्री सेल्सियस रहा। शहरवासियों का कहना है कि यह शहर का दुर्भाग्य हो गया
है कि कभी बादल दिखाई देते हैं, पर कुछ बूंदे टपकाने के बाद निकल जाते
हैं।
उधर, मौसम वैज्ञानिक जयशंकर मिश्र का कहना है कि उमस तो बढ़ी है,
बारिश के आसार हैं, लेकिन शहरवासियों को कब गर्मी से निजात मिलेगी यह वक्त
ही बताएगा।