हरदोई। हस्तशिल्पी पेंशन योजना को लेकर जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र में तैयारियों का खाका खींचने के बाद फाइलें उपायुक्त की टेबलों पर पहुंच गई हैं। उपायुक्त की माने तो कोई अड़चन न आई तो ब्लाकाें में कैंप लगाकर हस्तशिल्पी चिह्नित कर सर्वे का कार्य पूरा करा लिया जाएगा।
हस्तशिल्पियों को पेंशन दिए जाने का शासनादेश जारी होने के बाद निदेशालय से लेकर जिला स्तर पर तैयारियों का दौर शुरू हो चुका है। जिसका विधिवत सर्वे निदेशालय की बताई गई गाइड लाइन के अनुसार कराया जाना है। सर्वे से पूर्व डीएम की अध्यक्षता में एक समिति का गठन भी किया जाना है। जो बैठक कर पेंशन के संबंध में जरूरी निर्णय लेगी।
उपायुक्त सर्वेश्वर शुक्ला ने बताया कि सारे शासनादेशों का अध्ययन किया जा चुका है। योजना बनाई गई है कि शाहाबाद, मल्लावां व संडीला सहित आधा दर्जन ब्लाकों में जहां जहां हस्तशिल्पियों की संख्या अधिक हैं वहां पर कैंप लगवा दिए जाए। हस्तशिल्पियों से आवश्यक प्रपत्र ले लिया जाए और वहीं उनको चिह्नित कर लिया जाए। इससेे सर्वे कार्य पूरा हो जाएगा। इसको लेकर डीएम से अनुमोदन लिया जाएगा। उसके बाद कैंप की तिथियां घोषित कर दी जाएगी। अगस्त के दूसरे हफ्ते में सर्वे कार्य शुरू करने की योजना बन रही है।
पुरुष 60 तो महिला हस्तशिल्पियों की उम्र 55 होनी चाहिए
हरदोई। जरी दरदोजी, चिकन, लेदर, मुसलिम कैप, कालीन आदि बनाने वाले हस्तशिल्पी में शुमार हैं। यह सब अपनी कला के बलबूते पिछले कई सालों से अपने परिवार का भरण पोषण करते आ रहे हैं। उपायुक्त सर्वेश्वर शुक्ला ने बताया कि निर्धारित मानकों के हिसाब से ऐसे पुरुष हस्तशिल्पी जिनकी उम्र 60 व महिला जिनकी उम्र 55 से अधिक हो, उन्हें ही शासन की ओर से 500 रुपए प्रतिमाह पेंशन मिलेगी।