समाजवादी पेंशन को शीघ्र ही लाभार्थियों के खाते में
भेजे जाने सहित पांच सूत्री मांगों को लेकर भारतीय किसान यूनियन भानु गुट
के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं का कलक्ट्रेट परिसर में हो रहा धरना और
प्रदर्शन पांचवें दिन सोमवार को भी जारी रहा।
इस दौरान कलक्ट्रेट परिसर
में जिलाध्यक्ष गवर्नर सिंह यादव ने धरने को संबोधित करते हुए कहा कि शासन
एक तरफ गरीबों को लाभ देने का कसीदा पढ़ती है, तो दूसरी तरफ जिला स्तर पर
हर योजना का लाभ सक्षम लोगों को ही दिया जाता है और पात्रों को बाहर का
रास्ता दिखा दिया जाता है।
कहा कि समाजवादी पेंशन में भी या तो अपात्रों का
चयन किया गया और यदि हुआ भी है तो अधिकांश पात्रों को पेंशन की राशि खातों
में नहीं भेजी गई, जिसको शीघ्र भिजवाया जाए। उन्होंने कहा कि जिले में
ओलावृष्टि से गेहूं की सारी फसलें चौपट हो गई थीं। जिले में 1101 ग्राम
पंचायतों में अभी लगभग 600 ग्राम पंचायतों का भुगतान नहीं किया गया शीघ्र
भुगतान कराया जाए।
आरोप लगाया कि ग्राम पंचायत मरई में जो आवासों का आवंटन
किया गया था, वह सारे अधूरे पड़े हैं। जिनका भुगतान नहीं कराया जा रहा है। उन्होंने
आरोप लगाया कि इसलिए लाभार्थी ग्राम प्रधान की बेगार करने को मजबूर हैं।
उन्होंने शीघ्र ही लाभार्थियों के खाते में आवासों की किश्त का भुगतान कराए
जाने की बात कही।
इस मौके पर भाकियू भानू गुट के जिला महासचिव बलवीर
राजवंशी ने मरई गांव में ही ग्राम प्रधान द्वारा कब्जा की जा रही भूमि नंबर
1092 से अवैध कब्जा हटवाए जाने की मांग की है। उन्होंने किसानों को 18
घंटे की बिजली आपूर्ति करने की मांग की।
इस दौरान उन्होंने कहा कि संगठन के
धरना प्रदर्शन को पांच दिन हो चुके हैं, लेकिन कोई आश्वासन नहीं मिला है।
उन्होंने कहा कि जब तक किसानों की मांगों को पूरा नहीं किया जाता, तब तक
उनका धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। इस मौके पर काफी संख्या में किसान मौजूद
थेे।