शाहाबाद। भारतीय जनता पार्टी हाईकमान की ओर से शाहाबाद विधानसभा क्षेत्र से रजनी तिवारी को प्रत्याशी बनाए जाने के बाद पार्टी के तमाम कार्यकर्ता आक्रोशित हैं। सोमवार शाम तमाम कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी कर राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को त्यागपत्र भेजा है।
पार्टी के फैसले से आक्रोशित अखिलेश पाठक के समर्थक सोमवार सुबह से नगर स्थित उनके आवास पर इकट्ठे भाजपा कार्यकर्ताओं की सोमवार को अखिलेश पाठक के आवास पर बैठक की। युवा मोर्चा के जिला महामंत्री आशीष पाठक ने कहा कि टिकट वितरण में स्थानीय नेताओं की उपेक्षा की गई है।
जिला कार्यसमिति के सदस्य वेदराम राजपूत, ग्रामीण क्षेत्र के मंडल अध्यक्ष सुबोध पांडे, सुनील कुमार, रामभजन, पूर्व मंडल अध्यक्ष धनंजय दीक्षित, राजेश तोमर, लक्ष्मीकांत, विनय कुमार, पंकज शुक्ला, कैलाश तिवारी, किसान मोर्चा के जिलाध्यक्ष अजय प्रताप सिंह, हरिओम पाठक, अल्प संख्यक मोर्चा के जिलाध्यक्ष मंजूर हसन, अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के सूर्यसेन आदि ने भी आक्रोश जताया। इन लोगों ने राष्ट्रीय अध्यक्ष को इस्तीफा भेजा। दूसरी तरफ भाजपा नेता अखिलेश पाठक का कहना है कि कार्यकर्ताओं में नाराजगी जरूर है। उन्हें मना लिया जाएगा। पूर्ण विश्वास है कि पार्टी टिकट पर पुनर्विचार करेगी।
भाजपा जिलाध्यक्ष का मोबाइल दिन भर बंद रहा। एक नंबर स्विच ऑफ था तो दूसरा नंबर बिजी बता रहा था। कुल मिलाकर प्रत्याशी घोषित होने के दूसरे दिन ही भाजपा में दरार पड़ने की चकचक कुछ ज्यादा रही।
भाजपा की ओर से रविवार शाम जारी की गई प्रत्याशियों की सूची को लेकर असंतोष है। इसी के तहत पूर्व सुरेंद्र पाल पाठक के बेटे सनी पाठक ने पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को इस्तीफा भेजा है। इसमें कहा गया है कि उनके पिता वर्ष 1991 में भाजपा के टिकट पर ही शाहाबाद लोकसभा सीट से सांसद रहे। वह तब से पार्टी से जुड़े हैं । पार्टी के पुराने कार्यकर्ताओं को तवज्जो देने के बजाय कुछ दिन पहले पार्टी में आने वालों को टिकट दे दिया गया है। इससे साफ है कि पार्टी मूल उद्देश्यों से भटक गई है।