हरदोई। चकबंदी प्रक्रिया में अनियमितता का आरोप लगाकर सात बार धरने पर बैठ चुके ग्रामीणों ने गुरुवार को एक बार फिर आवाज उठाई। विकास खंड टड़ियावां के सेखौरा के ग्रामीणों को नगर मजिस्ट्रेट द्वारा मिला आश्वासन भी हवाई साबित हुआ।
चकबंदी प्रक्रिया को रुकवाने के लिए ग्रामीणों ने कलक्ट्रेट में धरना प्रदर्शन कर जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट को सौंपा और चकबंदी रुकवाने की मांग की। विकास खंड टड़ियावां के ग्राम सेखौरा के रहने वाले ग्रामीणों ने चकबंदी प्रक्रिया में अधिकारियों पर अनियमित ढंग से चकों के आवंटन का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने बताया कि अवैधानिक ढंग से गोमती व कठिना नदी के किनारे गरीब व्यक्तियों को चक दिए जा रहे हैं, जिसमें बाढ़ के कारण खरीफ की फसल प्रभावित हो जाती है। किसानों को अनियमित ढंग से जमीन देने के कारण लोग भुखमरी की कगार पर पहुंच रहे हैं।
कहा कि पंचायत की 20 फीसदी सही जमीन को पैसा लेकर बना दिया गया। ऐसे में चकबंदी प्रक्रिया को निरस्त किया जाए। ग्रामीणों ने बताया कि चकबंदी निरस्त कराने को लेकर अभी तक सात बार धरना प्रदर्शन किया और एक बार नगर मजिस्ट्रेट ने पांच सदस्यीय टीम द्वारा जांच कराने का आश्वासन भी दिया, पर जांच करने आज तक कोई नहीं आया, जबकि चकबंदी आज भी मनमाने ढंग से की जा रही है। ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को संबोधित प्रार्थना पत्र नगर मजिस्ट्रेट लक्ष्मी शंकर सिंह को सौंप चकबंदी रुकवाने की मांग की। इस दौरान शैलेंद्र, मनोज, बालक राम, शिशु भान सिंह, इंद्र कुमार व छत्रपाल मौजूद थे।