फोटो- 37- बाईपास के ऊपर से निकली हाईटेंशन लाइन। संवाद
हरदोई। शहर में लगातार बढ़ रहे यातायात के दबाव को कम करने और लोगों को भीषण जाम से राहत दिलाने के लिए लखनऊ मार्ग स्थित खेतुई से शाहजहांपुर रोड के कौढ़ा तक बाईपास का निर्माण कराया जा रहा है। निर्माण कार्य के बीच एक नई तकनीकी अड़चन आ गई है। बाईपास के रूट पर पांच अलग-अलग स्थानों के ऊपर से गुजर रहीं हाई-पावर (हाईटेंशन) बिजली की लाइनें हैं। सुरक्षा मानकों के अनुसार इन बिजली लाइनों को शिफ्ट किए बिना वाहनों का आवागमन शुरू करना जोखिम भरा हो सकता है। इसलिए इसके संचालन में विलंब हो सकता है।
बिजली लाइन की जिम्मेदारी भी बाईपास का निर्माण करा रही कार्यदायी संस्था की है। उसकी इलेक्ट्रिक विंग को लाइन शिफ्टिंग का काम करना है। इनमें दो बिजली लाइन 220 केवीए की और तीन लाइन 132 केवीए की हैं। इसके लिए कार्यदायी संस्था को 38 बिजली टावर को हटना होगा। इनमें बावन मार्ग, बिलग्राम मार्ग, सांडी मार्ग शामिल है। बाईपास के ऊपर से हाई पावर लाइन को हटाने के कार्य की मॉनिटरिंग पारेषण खंड काे करनी है।
लाइन शिफ्टिंग का कार्य कार्यदायी संस्था को करना है। कार्यदायी संस्था की ओर से कार्य शुरू भी कर दिया गया है। संस्था से शट डाउन मांगने पर उसका आकलन कर कार्य करने की अनुमति दी जाएगी। -मो. सउद, अधिशासी अभियंता, पारेषण खंड
बिजली टावर के फाउंडेशन का कार्य पूर्ण हो गया है। इसके आगे के कार्य के लिए बिजली वितरण निगम के अधिकारियों से वार्ता की जाएगी और शट डाउन मिलने पर ही कार्य कराया जाएगा। बाईपास दिसंबर तक पूरा हो जाएगा। वाहनों का संचालन लाइन हटने के बाद किया जाएगा -आदित्य कुमार, प्रोजेक्ट मैनेजर, राज कॉरपोरेशन लिमिटेड