हरदोई। नाबालिग से अपहरण और दुष्कर्म में दोषी युवक को चार साल पुराने मामले में अपर जिला जज ने 20 साल की सजा सुनाई है। 52 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की 90 फीसदी रकम पीड़िता को बतौर क्षतिपूर्ति दिए जाने के आदेश भी दिए हैंं।
विशेष लोक अभियोजक अनुराग श्रीवास्तव ने बताया कि 24 दिसंबर 2019 को कछौना कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने पुलिस को तहरीर दी थी। इसमें बताया कि दो दिसंबर को उसकी पुत्री (16) दो दिसंबर 2019 को बाजार गई थी। वहीं से संदिग्ध हालात में लापता हो गई। पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज किया। विवेचना के दौरान पुलिस को पता चला कि गोविंदपुर निवासी श्यामू बहलाकर किशोरी को शादी करने का झांसा देकर साथ ले गया। बाद में पुलिस ने 28 दिसंबर 2019 को किशोरी को ढूंढ निकाला। तीन जनवरी को पुलिस ने श्यामू को गिरफ्तार कर लिया। किशोरी के बयान के आधार पर अपहरण और दुष्कर्म की धाराएं गुमशुदगी के मामले में बढ़ाई गईं। पूरे मामले की सुनवाई के लिए 82 तारीखें लगाई गईं और आठ गवाहों को पेश किया गया। सुनवाई पूरी कर अपर जिला जज हेमेंद्र कुमार सिंह ने दोषी श्यामू को 20 साल की सजा सुनाई है।