हरदोई। गांवों के विकास और भुगतान में ऑडिट में मिली गड़बड़ी के मामलों के निस्तारण में लापरवाही पर 11 पंचायत सचिवों पर कार्रवाई तय है। ऑडिट प्रकरण निस्तारण के लिए बुलाई गई बैठक में भी बुधवार को यह पंचायत सचिव गैरहाजिर रहे। जिला लेखा परीक्षा अधिकारी और डीपीआरओ ने पंचायत सचिवों से जवाब-तलब किया है। विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी है।
जिला परीक्षा विभाग की ओर से गांवों के विकास और भुगतान में वर्ष 2016-17 में मिली गड़बड़ी के प्रकरणों के निस्तारण के लिए मूल अभिलेखों के मिलान के लिए डीपीआरओ कार्यालय में बैठक बुलाई थी। बैठक में विकास खंड माधौगंज की ग्राम पंचायत बलेहरा कमालनगर, मगरहा, ठठिया नरायनमऊ, मोहब्बतपुर, करवा, पिहानी की रजुआपुर व रसूलपुर, भरखनी की पिपरिया, संडीला की जमकुरा, बेगमगंज, भरावन की हड़हा, कटियार, हरियावां की रहीमपुर के पंचायत सचिव और तत्कालीन प्रधानों को बुलाया गया था।
बताया कि संडीला के पंचायत सचिव व तत्कालीन प्रधानों ने अभिलेखों का मिलान कराया। बैठक में गैरहाजिरी पर जिला लेखा परीक्षा अधिकारी संजीवन कुशवाहा ने नाराजगी जाहिर की। कारण बताओ नोटिस जारी करने का निर्णय लिया। 11 नवंबर को दोबारा बैठक बुलाई गई। अभिलेखों का मिलान न कराने पर अनियमित भुगतान की राशि की वसूली और विभागीय कार्रवाई की जाएगी। डीपीआरओ विनय कुमार सिंह ने बताया कि निस्तारण न होने से ऑडिट का मामला लंबित है। लेखा परीक्षा विभाग की रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।