हरदोई। गुरुवार को रामगंगा के पानी में 10 सेमी. व गर्रा के पानी में 1.05 मीटर की बढ़ोतरी हुई है। इससे सवायजपुर के पंचनद क्षेत्र की कटियारी में बाढ़ के पानी का फैलाव बढ़ा है। गंगा के पानी में न तो कमी और न ही बढ़ोतरी हुई। पानी खतरे के निशान 137.10 मीटर पर बना हुआ है।
रामगंगा का पानी 135.80 मीटर और गर्रा का पानी 146.15 मीटर पर पहुंच गया है। गंगा के पानी के प्रवाह से कटरी क्षेत्र में खेतों में कटान की आशंका बढ़ती जा रही है। बैराजों से छोड़े जाने वाले पानी से नदियों के पानी में उतार-चढ़ाव जारी है। रामगंगा व गर्रा के पानी में व़द्धि से कटियारी के पंचनद क्षेत्र रामगंगा, गर्रा, गंभीरी नीलम व गंगा का पानी एक हो जाने से प्रभावित क्षेत्र में पानी का फैलाव बढ़ गया है। इससे फसलों को नुकसान की आशंका बढ़ गई है। बिलग्राम क्षेत्र में गंगा का पानी खतरे के निशान पर ही बना होने से कटरी क्षेत्र के गांवों में कटान की आशंका बनी हुई है।
बैराजों से गंगा और रामगंगा नदी में पांच लाख 64,880 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। इसमें से गंगा नदी में हरिद्वार बैराज से 1,96,230 क्यूसेक, बिजनौर बैराज से 1,63,274 क्यूसेक और नरौरा बैराज से 1,72,128 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। रामगंगा नदी में खो बैराज से 28,292 क्यूसेक, हरेबली बैराज 1,102 क्यूसेक और रामनगर बैराज से 3,852 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। बिलग्राम क्षेत्र के चिरंजीवपुरवा, उम्मेदपुरवा, नोखेपुरवा, पुनापुरवा, जरैला, दीनापुर, मक्कूपुरवा व कटरी महादेवा के लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
डीएम एमपी सिंह ने बताया कि बैराजों से छोड़े जाने वाले पानी के कारण नदियों में पानी में उतार-चढ़ाव हो रहा है। गंगा में पानी कम नहीं हुआ है। बिलग्राम व सवायजपुर के एसडीएम से नियमित रिपोर्ट ली जा रही है।