परीक्षा केंद्र पर सिटिंग व्यवस्था करते शिक्षक व कर्मचारी।
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माध्यमिक शिक्षा परिषद की बोर्ड परीक्षा में जिले में 174 परीक्षा केंद्रों पर एक लाख 41 हजार 830 परीक्षार्थी परीक्षा देंगे। नकलविहीन परीक्षा कराने के लिए एसटीएफ के अलावा प्रशासन की ओर से छह जोनल, 27 सेक्टर और 174 स्टेटिक मजिस्ट्रेट नजर रखेंगे। वित्तविहीन परीक्षा केंद्रों में एडेड और राजकीय शिक्षकों को अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक के रूप में तैनात किया गया है।
जिले में माध्यमिक शिक्षा परिषद से संबद्ध 585 विद्यालय संचालित हैं। इनमें हाईस्कूल के 77 हजार 695 और इंटर के 64 हजार 135 विद्यार्थी शामिल हैं। गत वर्ष की तुलना में 11,264 विद्यार्थी अधिक हैं। आठ अतिसंवेदनशील और 53 संवेदनशील केंद्र हैं। परीक्षा केंद्रों पर नकल रोकने के लिए सीसीटीवी कैमरे लगवाए गए हैं। पांच एसडीएम को जोनल मजिस्ट्रेट बनाया गया है। परीक्षा केंद्रों पर सुरक्षा के लिए दोनों अपर पुलिस अधीक्षक को जोनल, सभी क्षेत्राधिकारियों को जोनल और थाना प्रभारियों को सेक्टर प्रभारी के रूप में तैनात किया गया है। इसके अलावा 72 एसआई, 300 सिपाही, 109 महिला सिपाही और 400 होमगार्ड को लगाया गया है। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी निधि सोनकर ने बताया कि परीक्षा की निगरानी के लिए एसटीएफ टीम आ गई है। उनको परीक्षा केंद्रों की सूची उपलब्ध करा दी गई।
पांच विभागीय सचल दल तैनात
परीक्षा में नकल रोकने के लिए पांच विभागीय सचल दल लगाए गए हैं। जिसमें प्रथम सचल दल के प्रभारी डीआईओएस, द्वितीय के प्रभारी डायट प्राचार्य, तृतीय सचल दल के प्रभारी बीएसए, चतुर्थ के प्रभारी वित्त एवं लेखाधिकारी माध्यमिक शिक्षा और पांचवें सचल दल के लिए राजकीय हाईस्कूल उधरनपुर के प्रधानाचार्य प्रभारी होंगे। वहीं परीक्षा केंद्रों पर निगरानी के लिए 6609 कक्ष निरीक्षक लगाए गए हैं। इनमें 2389 बेसिक शिक्षा परिषद के शिक्षकों को तैनात किया गया है। इसके अलावा माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षक को लगाया गया।
टीम ने परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाए नए पेपर
पेपर के बंडल गायब होने पर सोमवार को नए पेपरों को पांच टीमों के माध्यम से परीक्षा केेंद्रों पर पहुंचाया गया। वहां से पुराने पेपरों को वापस लिया गया।