हापुड़। हल्की सी बारिश में शहर में होने वाले जलभराव से मुक्ति दिलाने के लिए नगर पालिका ने शहर के चार प्रमुख नालों के चौड़ीकरण और निर्माण की योजना बनाई थी। जिसमें रामपुर रोड, ईदगाह रोड, मोती कालोनी व तिरुपति गार्डन नाले का 63 करोड़ रुपये की लागत से निर्माण कराया जाना है। इसके लिए पांच माह पूर्व डीपीआर तैयार कर शासन को भेज दी गई थी, लेकिन स्वीकृति न मिलने के कारण योजना अटकी हुई है।
शहर में नालों की जर्जर हालत और समय से सफाई न होने के कारण शहरवासियों को परेशानी झेलनी पड़ती है। हल्की बरसात में पानी का बहाव अधिक होने के कारण नाले उफना जाते हैं और जलभराव की स्थिति हो जाती है। मूसलाधार बारिश में तो स्थिति ओर भी भयानक हो जाती है। शहर के अधिकतर हिस्से का पानी ईदगाह रोड, रामपुर रोड, मोती कॉलोनी, तिरुपति गार्डन के पीछे स्थित चारों नालों से होकर बहता है। लेकिन आबादी के हिसाब से इनकी चौड़ाई कम है और पानी का बहाव अधिक होने से जलनिकासी बाधित हो जाती है।
शहरवासियों को जलभराव से निजात दिलाने के लिए नगर पालिका ने चारों नालों का चौड़ीकरण कराने का निर्णय लिया था। इसमें तिरुपति गार्डन के पीछे करीब छह किलोमीटर लंबे नाले का चौड़ीकरण और निर्माण में करीब 30 करोड़ की लागत आएगी। सिकंदरगेट से मोती कॉलोनी जाने वाले पांच किलोमीटर लंबे नाले पर 27 करोड़ रुपये खर्च होंगे। ईदगाह रोड पर दोनों तरफ और रामपुर रोड पर करीब 1.5-1.5 किलोमीटर लंबे नाले के निर्माण में छह करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस प्रकार से इनकी डीपीआर तैयार की गई थी।
इन मोहल्लों को मिलती जलभराव से राहत
नगर के बैंक कालोनी, चमरी रोड, आदर्शनगर, लज्जापुरी, फूलगढ़ी, गढ़ गेट किला कोना, अतरपुरा, प्रेमपुरा, रफीकनगर, करीमपुरा, तगासराय, चैनापुरी, भंडा पट्टी, गोपीपुरा, निवाजीपुरा, मोती कालोनी, कोठीगेट, आवास विकास कॉलोनी बुलंदशहर, त्रिलोकीपुरम, रामपुर रोड, ईदगाह रोड, अर्जुन नगर, रघुवीर गंज, आर्यनगर, जवाहर गंज, फ्रीगंज रोड, शिवगढ़ी, सिकंदरगेट, गोल मार्केट, जगदीशपुरम, ब्रह्मनान, कानूनगोयान को राहत मिलने की उम्मीद थी।
कोट-
नगर पालिका लोक निर्माण विभाग के अवर अभियंता प्रमोद कुमार का कहना है डीपीआर बनाकर शासन को भेजी जा चुकी है, लेकिन पांच माह बीत जाने के बाद भी प्रस्ताव को स्वीकृति नहीं मिल सकी है। ऐसे में अभी नाला निर्माण होने की कोई उम्मीद नहीं दिख रही।