वाह रे बिजली निगम! एक साल पहले अवर अभियंता और लाइनमैन ने साठगांठ कर बिना एस्टिमेट बनाए अवैध तरीके से लाइन खींची थी। अब वर्तमान अवर अभियंता ने उसे उतरवा दिया। साथ ही विधवा उपभोक्ता के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी।
परेशान विधवा ने 20 अगस्त को अवर अभियंता व लाइनमैन के खिलाफ उत्पीड़न की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज करा दी। अब पीड़िता ने कार्रवाई के लिए डीएम से गुहार लगाई है। बिजली निगम में इन दिनों भ्रष्टाचार की भरमार है।
बदनौली निवासी विधवा के नलकूप पर करीब एक वर्ष पूर्व तत्कालीन अवर अभियंता व वर्तमान लाइनमैन ने सांठगांठ से बिना एस्टिमेट के लाइन खींच दी थी। विनेश देवी ने एस्टिमेट की रसीद मांगी तो उसे गुमराह कर दिया था। 20 अगस्त को वर्तमान अवर अभियंता ने उक्त लाइन को उतरवा दिया।
आरोप है कि विधवा उपभोक्ता से बिजली कर्मियों ने अभद्रता भी की थी। इसको लेकर पीड़िता ने अवर अभियंता व लाइनमैन के खिलाफ कोतवाली थाना में मुकदमा दर्ज करा दिया था।
अपनी गर्दन फंसती देख जेई ने सात दिन बाद 27 अगस्त को पीड़िता के खिलाफ बिजली चोरी की धाराओं मे मुकदमा दर्ज कराया। कार्रवाई न होने पर पीड़िता ने सोमवार को डीएम से शिकायत की है।
पीड़िता के अनुसार लाइन उतारने के बाद जेई और लाइनमैन उसे परेशान कर रहे थे, जिसके कारण कार्रवाई वाले दिन ही उसने दोनों पर मुकदमा दर्ज करा दिया था। जबकि पीड़िता के खिलाफ सात दिन बाद निगम अफसरों की ओर से मुकदमा दर्ज कराया गया है।
ऐसे में अपनी गर्दन फंसी देख निगम अफसर पीड़िता पर फैसला करने का दबाव बना रहे हैं। अधिशासी अभियंता मुकेश गर्ग का कहना है कि मामला उनके संज्ञान में आ गया है। इस संबंध जांच करायी जायेगी, दोषी पर हर संभव कार्रवाई होगी।