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Hapur News: एक दिन की थाना प्रभारी बनीं कनिका और अंशिका

Sat, 27 Sep 2025 06:34 PM IST
गाजियाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हापुड़

सार

गढ़मुक्तेश्वर में मिशन शक्ति अभियान के तहत दो छात्राओं ने एक दिन के लिए गढ़ और बहादुरगढ़ थाने का कार्यभार संभाला। उन्होंने पुलिस कार्यप्रणाली सीखी और फरियादियों की समस्याएं सुनीं। इस पहल से लड़कियों में आत्मविश्वास बढ़ा।
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विस्तार
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गढ़मुक्तेश्वर। बेटियों को सशक्त बनाने और उनमें आत्मविश्वास जगाने की दिशा में मिशन शक्ति अभियान के तहत शुक्रवार को गढ़ और बहादुरगढ़ थाने में अनोखी पहल देखने को मिली। डीएम पब्लिक स्कूल की छात्रा कनिका चौहान ने गढ़ और स्वतंत्र भारत इंटर कॉलेज सालारपुर की छात्रा अंशिका चौहान को एक दिन के लिए बहादुरगढ़ थाने की कमान दी गई। उन्होंने बेबाकी के साथ पीड़ितों की फरियाद सुनते हुए पुलिसकर्मियों को गश्त से लेकर आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए।
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कनिका चौहान अपनी प्रधानाचार्य मंजू चौधरी और शिक्षकों के साथ गढ़ कोतवाली में पहुंची। जहां सीओ स्तुति सिंह ने विधिवत तरीके से एक दिन के लिए कनिका चौहान को गढ़ कोतवाली का चार्ज सौंपा। इसके बाद सीओ और इंस्पेक्टर मनोज बालियान ने कनिका और अन्य छात्राओं को पुलिस की कार्यप्रणाली, महिला सुरक्षा और कानून-व्यवस्था से जुड़े अहम पहलुओं की जानकारी दी। बहादुरगढ़ थाने में एक दिन की प्रभारी बनीं अंशिका को इंस्पेक्टर धीरज मलिक ने चार्ज ग्रहण कराने की औपचारिकता निभाई। अंशिका ने अपराध रजिस्टर, महिला सुरक्षा केंद्र, हवालात, बैरक, भोजनालय आदि का बड़ी बारीकी से निरीक्षण किया। दोनों बेटियों ने अपने क्षेत्र के चौकी और हल्का प्रभारियों को रामलीला मंचन के मद्देनजर संबंधित रास्तों पर गश्त बढ़ाने के साथ बिना वजह सड़कों पर घूमने वालों को सबक सिखाने का निर्देश दिया। आपराधिक वारदातों में वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिए। इस दौरान आदर्शनगर के रहीशू ने साइबर फ्रॉड, पौपाई के विनोद ने अपनी मजदूरी न मिलने, डेहरा कुटी के सुनील ने बेटे की नौकरी के नाम पर धोखाधड़ी होने जैसी शिकायत रखीं। एक दिन के लिए गढ़ और बहादुरगढ़ थाने का कार्यभार संभालने वाली दोनों बेटियों में अजब सा आत्मविश्वास दिखाई दिया, जिन्होंने बड़ी बेबाकी के साथ कहा कि बेटियों को आत्मनिर्भर और स्वावलंबी बनने के लिए शिक्षित होना सर्वाधिक जरूरी है। क्योंकि शिक्षा के बिना बहन बेटियों को अपने अधिकारों की जानकारी और कोई भी घटना होने पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई कराया जाना आसान नहीं होता है।
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