भाजपा के जिला पंचायत सदस्य कृष्णकांत हूण ने जिले के प्रभारी मंत्री सत्यदेव पचौरी से नमामि गंगे योजना के तहत शौचालय निर्माण में हो रहे घोटाले की शिकायत की है।
उन्होंने आरोप लगाया है कि योजना के तहत अधिकारियों ने सचिव और ग्राम प्रधानों से मिलकर इसमें मोटा घोटाला किया है इसलिए इसकी जांच की जानी चाहिए।
सिंचाई विभाग के सर्किट हाउस में जिला पंचायत सदस्य ने प्रभारी मंत्री से मुलाकात करते हुए कहा कि गंगा के किनारे नमामि गंगे प्रोजेक्ट के तहत 26 गांवों को खुले में शौच मुक्त किया जाना था।
इसके अलावा किसी भी प्रकार के सीवेज का निस्तारण गंगा में किए जाने से रोकना था। गांव पूठ सहित अधिकतर गांवों की गंदगी अभी भी गंगा में ही गिर रही है जिसके प्रमाण मौके पर मौजूद हैं। इसके अलावा शौचालय बनाने के स्थान पर पर्यावरण से खिलवाड़ किया गया है।
सेफ्टी टैंक न बनाकर पाइप लाइन के माध्यम से शौचालयों की गंदगी को गंगा में ही डाला जा रहा है। पुराने शौचालयों का पोतकर उन्हें योजना के अन्तर्गत बनाना दर्शाया गया है। भुगतान की आधी धनराशि में गबन भी किया गया है।
इसके अलावा उन्होंने गोहरा में छोइया के टूटे पुल व आसपास के क्षेत्रों की सड़कों को गड्ढा मुक्त करने की मांग, युवाओं के खेल के लिए मैदान के निर्माण,
मंत्री घोटाले में जांच के साथ समस्याओं के निस्तारण आदि की मांग भी प्रभारी मंत्री से की। इस दौरान भाजपा के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य राजेंद्र कुमार भी उपस्थित थे।