बीते दिनों रामपुर रोड बिजलीघर को आ रही हाईटेंशन लाइन पर आकाशीय बिजली गिरने के बाद दर्जनों इंसुलेटर में फाल्ट से यह लाइन अब संदेह के घेरे में आ गई है। नौ किलोमीटर लंबी इस लाइन के करीब 80 इंसुलेटर एक साथ फाल्ट हो गए।
6 दिन के प्रयास के बाद मंगलवार को रामपुर रोड बिजलीघर को चालू किया जा सका है। बता दें कि इस बिजलीघर को जब निगम के हैंडओवर किया गया था तब भी इसकी गुणवत्ता को लेकर सवाल उठे थे। करोड़ों रुपये की लागत से रामपुर रोड पर बिजलीघर बनाया गया था।
यह बिजलीघर निगम के हैंड ओवर इसलिए देरी से आ सका था, क्योंकि तत्कालीन एसडीओ इसकी गुणवत्ता को लेकर असंतुष्ट थे। बीते दिनों बारिश के दौरान इस बिजलीघर को बाबूगढ़ से आ रही हाईटेंशन लाइन पर आकाशीय बिजली गिर गई थी।
इससे लाइन में लगे करीब 80 इंसुलेटर में फाल्ट हो गया था। आश्चर्य की बात यह है कि अब से पूर्व भी विद्युत लाइनों पर आकाशीय बिजली गिरी हैं, लेकिन इतने अधिक इंसुलेटर में कभी फाल्ट नहीं हुआ। इससे हाईटेंशन लाइन पर लगे इंसुलेटर संदेह के घेरे में आ गए हैं।
वहीं रामपुर रोड बिजलीघर के बंद रहने से दर्जनों मोहल्लों का भार दिल्ली रोड बिजलीघर पर डाल दिया गया था। इससे बिजलीघर तो ओवर लोड की समस्या से जूझ ही रहा था, साथ ही प्रभावित मोहल्लों में भी वोल्टेज की समस्या लोगों को सता रही थी।
मंगलवार दोपहर करीब 12.30 बजे प्रभावित मोहल्लों को पुन रामपुर रोड बिजलीघर से आपूर्ति दिलाई गई। एसडीओ यशेंद्र का कहना है कि आकाशीय बिजली के गिरने से इंसुलेटर में फाल्ट हो गया था। लाइन की गहनता से जांच कर फाल्ट को दुरुस्त किया गया है, ताकि भविष्य में इस तरह की परेशानी न बन सके।