गाजियाबाद। लोनी में विवाहिता के आत्महत्या के मामले में पति आलिम उर्फ मालम की जमानत अर्जी अदालत ने खारिज कर दी। अदालत के विशेष न्यायाधीश जुनैद मुजफ्फर ने कहा कि अपराध गंभीर प्रकृति का है, इसलिए जमानत अर्जी खारिज की जाती है।
अदालत से मिली जानकारी के अनुसार आश मोहम्मद ने 24 सितंबर 2025 को थाना लोनी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें बताया था कि उन्होंने अपनी बेटी जिया की शादी तीन साल पहले लोनी के अमन गार्डन निवासी आलिम के साथ की थी।
शादी के बाद से ही आलिम लड़की के साथ मारपीट करता, दहेज मांगता था। दामाद ने जब तलाक का खत घर भेजा तो जया को इस बात का पता लग गया था। जिस कारण 19 सितंबर 2025 को उसने तेजाब पी लिया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। अभियोजन पक्ष ने अदालत में तर्क दिया कि आलिम अपनी पत्नी जया को दहेज के लिए शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करता था। इस कारण से उसने आत्महत्या कर ली।